11 सितंबर 2001 (9/11) की घटना को 24 साल बीत चुके हैं, लेकिन इसकी आड़ में अमेरिका आज भी अपने हितों को साधने मे लगा हुआ है। इस घटना में 2977 लोगों की मौत हुई थी। अब 24 साल बाद इस मामले में न्यूयॉर्क की एक संघीय अदालत ने बड़ा फैसला सुनाते हुए सऊदी अरब की उस अपील को खारिज कर दिया है, जिसमें उसने खुद को मुकदमे से बाहर करने की मांग की थी।
कोर्ट ने अपने लिखित आदेश में कहा कि यह मामला सिर्फ अधिकार क्षेत्र (Jurisdiction) से जुड़ा है, यानी क्या अदालत को इस केस को सुनने का हक है या नहीं। हालांकि जज ने यह भी साफ किया कि पीड़ित परिवारों और बीमा कंपनियों के दावे इतने मजबूत हैं कि इन्हें ट्रायल तक ले जाया जा सकता है।
9/11 हमले में शामिल 19 हाईजैकर्स में से ज्यादातर सऊदी अरब के नागरिक थे। इसके बाद से ही पीड़ित परिवार और बीमा कंपनियां सऊदी अरब पर सवाल उठाते रहे हैं। मुकदमे में दावा किया गया है कि सऊदी अरब के कुछ अधिकारी और धार्मिक नेता आतंकियों की मदद कर रहे थे। एक मस्जिद का इमाम और एक अकाउंटेंट, जो सऊदी सरकार से जुड़े थे, उन्होंने अमेरिका आए दो अल-कायदा आतंकियों को सहायता दी।
आपकी टिप्पणी