‘ग्लोबल फ़ायर पॉवर’ की नई रिपोर्ट के अनुसार, इस्राईली सेना की शक्ति पिछले वर्षों के दौरान कम हुई है और वह 2011 में विश्व में 11वें स्थान से 2018 में 16वें स्थान पर पहुंच गई है।
हालांकि ईरानी सेना पिछले कुछ वर्षों में 20वें स्थान से छलांग लगाकर विश्व में 13वीं सबसे शक्तिशाली सेना बन गई है।
‘ग्लोबल फ़ायर पॉवर’ की सूची में ज़ायोनी सेना इंडोनेशिया और ब्राज़ील के बीद 16वें स्थान पर पहुंच गई है।
अमरीका की इस वेबसाइट ने हाल ही में विश्व के शक्तिशाली देशों की सूची को अपडेट करते हुए ईरान को क्षेत्र का सबसे अधिक शक्तिशाली देश घोषित किया है।
ईरान ने वर्ष 2017 की तुलना में 7 पायदान की छलांग लगाते हुए विश्व में 13वां स्थान प्राप्त किया है। 2017 में ईरान की सैन्य शक्ति को विश्व में 20वां और 2016 में 21वां स्थान दिया गया था।
ग्लोबल फ़ायर पॉवर ने ईरानी सेना को इस्राईली, पाकिस्तानी और सऊदी सेना से अधिक शक्तिशाली क़रार दिया है
ग्लोबल फ़ायर पॉवर ने यह सूची 50 विभिन्न मानपंडो के आधार पर तैयार की है, जिसमें हथियारों की संख्या और गुणवत्ता, भौगोलिक स्थिति, सैनिकों की संख्या, सैन्य बजट, लॉजिस्टिक फ़्लैक्सिबिलिटी, प्राकृतिक सामरिक स्रोत और सैन्य उद्योग शामिल है।
विश्व देशों की सैन्य शक्ति के आंकलन के लिए विशेष रूप से हथियारों की गुणवत्ता एवं विविधता पर ध्यान दिया जाता है।
ग्लोबल फ़ायर पॉवर की 2018 की सूची में विश्व के 136 देशों एवं ज़ायोनी शासन की सैन्य शक्ति की तुलना और उन्हें श्रेणीबद्ध किया गया है।