5 फ़रवरी 2017 - 18:30
 ईरान जैसी आधुनिक सैन्य क्षमता केवल दुनिया के कुछ देशों के पास है।

अमेरिकन एंटरप्राइज इंस्टीट्यूट ने सीरिया संकट में ईरान की भूमिका पर विश्लेषण पेश करते हुए कहा है कि ईरान क्षेत्र में प्रमुख भूमिका निभाता रहेगा। सीरिया में ईरान की व्यापक पकड़ को देखकर अन्दाजा होता है कि रूस का भविष्य में कुछ भी मत हो क्षेत्र में मुख्य भूमिका ईरान की ही रहेगी।

अमेरिकन एंटरप्राइज इंस्टीट्यूट ने सीरिया संकट में ईरान की भूमिका पर विश्लेषण पेश करते हुए कहा है कि ईरान क्षेत्र में प्रमुख भूमिका निभाता रहेगा। सीरिया में ईरान की व्यापक पकड़ को देखकर अन्दाजा होता है कि रूस का भविष्य में कुछ भी मत हो क्षेत्र में मुख्य भूमिका ईरान की ही रहेगी।
रूस ने सीरिया में सैन्य अभियानों का संचालन ईरान के हवाले कर दिया है और वह कमान सम्भालने का इच्छुक भी नहीं है। ध्यान देने वाली बात यह है कि ईरानी अधिकारी अपनी सेना का आधुनिकरण करते हुए अपनी सीमाओं से सैंकड़ो मील दूर सैन्य कार्यवाईयों को कंट्रोल करने मे लगे है अगर यह योजना सफल रही तो क्षेत्र में शक्ति संतुलन बदल जाएगा।
रिपोर्ट के अनुसार यह योजना क्षेत्र में शक्ति संतुलन को बदल देगी और यह असम्भव नहीं है। ईरान के सैन्य अधिकारी सीरिया में अपने अभियान के लिए रिवोल्यूशनरी गार्ड, सेना, और स्वयंसेवी बलों से चुनकर सैनिक भेजते हैं ताकि इस अभियान में सब हिस्सा ले सकें ईरान एक प्रभावी सैन्य शक्ति को हासिल करने में लगा हुआ है।
ईरान के सैन्य योजनाकारों ने पहली बार अपनी विभिन्न सैन्य इकाईयों से हज़ारों जवानों को हलब की आज़ादी के लिए बश्शार असद की फ़ौज के साथ तैनात किया। उन्होंने इराक और सीरिया की जंग के बाद इसी रक्षा टुकड़ी को अपनी सीमाओं से बाहर अभियन चलाने वाली फ़ौज की शक्ल दे दी है। सीरिया में ईरान की नीतियों ने इस क्षेत्र में उसके प्रभुत्व को बढ़ाया है।
सीरिया में ईरान की टेक्निक और उसकी फौजी नीतियों ने इन टुकड़ियों को प्रॉक्सी वार में सहयोगी की भूमिका में ला खड़ा किया है सीरिया में ईरान की बढ़त और सफलता ने यह उम्मीदे जगा दी है कि वह अपनी क्षमताओं को बढ़ते हुए क्षेत्र में अमेरिकी हितों को चुनौती दे सके।