18 दिसंबर 2014 - 17:57
 अमेरिकी अदालती सिस्टम भ्रष्टाचार और नस्लवाद पर आधारित।

अमेरिका के एक शोधकर्ता ने अमेरिका को एक नाकाम मानवाधिकार राज्य और एक बीमार समाज बताया है जहां काले लोगों का शोषण किया जा रहा है।

अमेरिका के एक शोधकर्ता ने अमेरिका को एक नाकाम मानवाधिकार राज्य और एक बीमार समाज बताया है जहां काले लोगों का शोषण किया जा रहा है।
रिपोर्ट के अनुसार प्रेस टीवी के साथ बातचीत में अमेरिकी शोधकर्ता रेंडी शॉर्ट ने कहा कि काले लोगों का शोषण और उन्हें उनके अधिकारों से वंचित रखना अमेरिकी इतिहास का अटूट हिस्सा है।
उन्होंने कहा कि अमेरिकी सिस्टम पूरी तरह से भ्रष्टचार, जातिवाद और भेदभाव पर आधारित है क्योंकि इस सिस्टम ने गोरे अमेरिकीयों को काले लोगों की हत्या करने की पूरी छूट दे रखी है। रेंडी शॉर्ट के अनुसार काले अफ्रीकी अमेरिकीयों को हुकूमत व म्युनिसिपल नौकरियों से वंचित रखा जा रहा है और उनके अधिकारों की हर तरह से अनदेखी की जा रही है।
उन्होंने कहा कि अमेरिका मानवाधिकार को लेकर एक नाकाम राज्य है और इस देश में काले लोगों के साथ जातीय भेदभाव इस हद तक बढ़ गया है कि संयुक्त राष्ट्र ने भी अमेरिकी प्रशासन की निंदा की है।
गौरतलब है कि अमेरिकी न्यूज़ नेटवर्क सीबीसी की ओर से किए गए एक ताज़ा सर्वे के अनुसार काले अमेरिकियों का मानना है कि देश में उनके साथ जातीय भेदभाव सबसे खराब स्तर पर पहुंच गया है।