1 अक्टूबर 2014 - 17:26
विश्व के अनेक देश, ईरान से अच्छे संबंधों के इच्छुक

राष्ट्रपति ने कहा है कि दुनिया के बहुत से देश ईरान से अच्छे और सार्थक संबंधों के इच्छुक हैं।

राष्ट्रपति ने कहा है कि दुनिया के बहुत से देश ईरान से अच्छे और सार्थक संबंधों के इच्छुक हैं।
 डाक्टर हसन रूहानी ने न्यायार्क से वापसी के बाद मंत्रीमंडल की पहली बैठक में क्षेत्रीय व अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर ईरान की अद्वितीय भूमिका की ओर संकेत करते हुए कहा कि इस्लामी गणतंत्र ईरान ने संयुक्त राष्ट्र संघ की महासभा के मंच से बेहतरीन ढंग से लाभ उठाया है। उन्होंने यह बयान करते हुए कि महासभा के अधिवेशन में दुनिया के समस्त अधिकारियों के ध्यान का केन्द्र, अतिवाद, चरमपंथ और हिंसा था, कहा कि पिछले वर्ष जब ईरान ने महासभा के अधिवेशन में हिंसा और चरमपंथ रहित दुनिया का प्रस्ताव दिया था तब यह स्पष्ट नहीं था कि क्षेत्र की स्थिति भविष्य में इतनी संकटमयी हो जाएगी और क्षेत्र के कुछ देशों को शांति और स्थिरता की स्थापना के लिए समस्या का सामना होगा।
डाक्टर रूहानी ने कहा कि बैठक में भाग लेने वाले समस्त देशों ने स्वीकार किया कि आतंकवाद से संघर्ष और क्षेत्र में शांति और सुरक्षा की स्थापना में ईरान की अद्वितीय भूमिका है और यदि ईरान के प्रयास न होते तो क्षेत्र की स्थिति और अधिक विषम होती। राष्ट्रपति ने यूरोपीय, अफ़्रीक़ी, लैटिन अमरीकी और एशियाई देशों के वरिष्ठ नेताओं से अपनी भेंट वार्ताओं की ओर संकेत करते हुए कहा कि क्षेत्रीय व अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर पाये जाने वाले विभिन्न मुद्दों के संबंध में ईरान के दृष्टिकोणों का बयान किया जाना बहुत आवश्यक था।
डाक्टर रूहानी ने तेहरान के शांतिपूर्ण परमाणु कार्यक्रम के बारे में कहा कि अधिकतर देश इस मुद्दे के शीघ्र समाधान, संबंधों में अधिक से अधिक विस्तार, और ईरान में पूंजीनिवेश के इच्छुक हैं। राष्ट्रपति ने बल दिया कि ईरान के परमाणु मुद्दे के समाधान का सही मार्ग, वार्ता का मार्ग है और इसके लिए समय की आवश्यकता है।