भारत के शहर लखनऊ में 21 रमज़ान को होने वाले हज़रत अली अ. के ताबूत के जुलूस पर हमले के बाद राजधानी में हुए दंगे के आरोपियों की गिरफ़्तारी, दंगे से प्रभावित होने वालों को मुआवज़ा दिये जाने समेत कई मांगों को लेकर आज मौलाना कल्बे जवाद के नेतृत्व में शियों के समूह नें उत्तर प्रदेश के मुख्य मंत्री अखिलेश यादव से मुलाक़ात की। इस मुलाक़ात में मौलाना सय्यद कल्बे जवाद नें मुख्यमंत्री को एक मेमोरेंडम सौंपते हुए मांग की है कि जिन लोगों नें जुलूस पर हमला किया उनकी जाँच करा कर उन पर एन. एस. ए. लगाया जाए ताकि भविष्य में किसी की भी हिम्मत न हो कि वह फ़साद के लिये आगे बढ़े।मौलाना नें मुख्यमंत्री अखिलेश यादव से कहा कि फ़साद में सुन्नी शिया सभी का नुक़सान हुआ है और इसमें जिस जिस को नुक़सान हुआ है उन्हे मुआवज़ा दिया जाए। उन्होंने मुख्यमंत्री से कहा कि बहुत थोड़े से लोग जुलूस पर पाबंदी की माँग कर रहे हैं जोकि ठीक नहीं है वहीं उन्होंने कहा कि 12 रबीउल अव्वल को हज़रत मोहम्मद मुस्तफ़ा स. के जन्म दिन के अवसर पर किसी दूसरे नाम से जुलूस निकालने का कोई मक़सद नहीं है इसलिये शाहमीना, चौक से निकलने वाले जुलूसे मोहम्मदी को बड़ा रास्ता दिया जाए।
मौलाना कल्बे जवाद नें की मुख्यमंत्री अखिलेश यादव से मुलाक़ात
दंगाईयों पर एन. एस. ए. लगाने और जुलूसे मोहम्मदी को रास्ता देने की मांग।
14 अगस्त 2013 - 19:30
समाचार कोड: 451686
21 रमज़ान को होने वाले हज़रत अली अ. के ताबूत के जुलूस पर हमले के बाद राजधानी में हुए दंगे के आरोपियों की गिरफ़्तारी, दंगे से प्रभावित होने वालों को मुआवज़ा दिये जाने समेत कई मांगों को लेकर आज मौलाना कल्बे जवाद के नेतृत्व में शियों के समूह नें उत्तर प्रदेश के मुख्य मंत्री अखिलेश यादव से मुलाक़ात की