15 दिसंबर 2012 - 20:30

मस्जिदुल हराम और मस्जिदुन नबी के सेक्रेट्री अब्दुल हिमनुस सदीद ने कहाः डेव्लपमेंट प्लान अपनी स्कीम के साथ जारी रहेगा और हमारी कम्पनी 24 घंटे काम कर रही ताकि जल्दी से जल्दी पहले स्टेज को पूरा कर लिया जाए, इस काम से हाजियों की बढ़ती हुई संख्या को कंट्रोल करने में मदद मिलेगी....

भारत में सुप्रीम लीडर के प्रतिनिधि के कार्यालय की साइट विलायट डाट इन ने फ़ार्स न्यूज़ एजेंसी के हवाले से लिखा है कि मक्के और मदीने में इस्लामी निशानियों के मिटाने को लेकर बड़े पैमाने पर हो रहे विरोधों के बावजूद, मस्जिदुल हराम के एक इतिहासिक हिस्से को तोड़ने का काम शुरू हो गया है। सऊदी अरब के न्यूज़ पेपर अल-वतन के हवाले से रिपोर्ट दी है कि मस्जिदुल हराम के डेव्लपमेंट प्लान की कार्यकारी कम्पनी ने मक्के में उस्मानी पोर्च के गुंबद को तोड़ने का काम शुरू कर दिया है। सऊदी अरब के न्यूज़ पेपर अल-वतन ने लिखा है कि मस्जिदुल हराम के डेव्लपमेंट प्लान की कार्यकारी कम्पनी ने मस्जिदुल हराम के पूर्वी हिस्से यहां तक कि उत्तरी हिस्से को भी तोड़ने का काम शुरू कर दिया है। और स्पीड में तीज़ी लाने के लिए इन दो हिस्सों को लकड़ी के बिमों से बांध दिया गया है। मस्जिदुल हराम और मस्जिदुन नबी के सेक्रेट्री अब्दुल हिमनुस सदीद ने कहाः डेव्लपमेंट प्लान अपनी स्कीम के साथ जारी रहेगा और हमारी कम्पनी 24 घंटे काम कर रही ताकि जल्दी से जल्दी पहले स्टेज को पूरा कर लिया जाए, इस काम से हाजियों की बढ़ती हुई संख्या को कंट्रोल करने में मदद मिलेगी। ग़ौर तलब है कि यह काम ऐसे हालात में अंजाम पा रहा है कि इन इतिहासिक निशानियों को डेव्लपमेंट प्लान के बहाने मिटाए जाने पर कड़ा विरोध किया जा रहा है, लेकिन सऊदी सरकार हमेशा की तरह दुनिया भर के मुसलमानों की भावनाओं को अहमियत नहीं दे रही है।