6 अगस्त 2012 - 19:30

इस सभा के आरम्भ में राजनीतिक, सांस्कृतिक और ज्ञानात्मक मुद्दों मे सक्रिय छात्रों ने देश की विभिन्न समस्याओं के संदर्भ में अपने अपने दृष्टिकोण पेश किए......

अहलेबैत समाचार एजेंसी (अबना) की रिपोर्ट के अनुसार कल शाम को लगभग 1000 से अधिक प्रतिभाशाली और सक्रिय छात्रों को सम्बोधित करते हुए इस्लामी क्रांति ईरान के सुप्रीम लीडर हज़रत आयतुल्लाहिल उज़्मा सय्यद अली ख़ामेनेई ने कहा कि ज्ञानात्मक, सांस्कृतिक, आर्थिक और सामाजिक मुद्दों पर विचार विमर्श अत्यन्त आवश्यक है।इस सभा के आरम्भ में राजनीतिक, सांस्कृतिक और ज्ञानात्मक मुद्दों मे सक्रिय छात्रों ने देश की विभिन्न समस्याओं के संदर्भ में अपने अपने दृष्टिकोण पेश किए। फिर सुप्रीम लीडर हज़रत आयतुल्लाहिल उज़्मा सय्यद अली ख़ामेनेई ने उनके विभिन्न प्रश्नों के उत्तर देते हुए कहा कि छात्रों द्वारा बयान किए गए कुछ उपाय और योजनाएं अत्यन्त लाभदायक थीं कि जिन पर सरकार को ध्यान देना चाहिए। उन्होंने ईरान की अर्थव्यवस्था पर न्यायपूर्ण निगाह डालने की आवश्यकता पर बल दिया।उन्होंने कहा कि अर्थ जगत में समाजवादी दृष्टिकोण से दूर रहने की आवश्यकता पर बल देते हुए कहा कि संसद में प्रस्तावित क़ानून 44 लागू हो जाए तो इस न्याय पर आधारित अर्थव्यवस्था को लाभ मिलेगा।......166