16 अगस्त 2015 - 06:31
सऊदी अरब की मदीने में सात मस्जिदों को ध्वस्त करने की योजना

सऊदी अरब के तथाकथित प्रतिष्ठित उलेमा काउंसिल के सदस्य सालेह फ़ूज़ान ने दावा किया है कि मदीने की सात मस्जिदें बिदअत का प्रतीक हैं और उन्हें वीरान किए जाने की जरूरत है।

अबलेबैत न्यूज़ एजेंसी अबना: अलआलम की रिपोर्ट के अनुसार सऊदी अरब के तथाकथित प्रतिष्ठित उलेमा काउंसिल के सदस्य सालेह फ़ूज़ान ने दावा किया है कि मदीने की सात मस्जिदें बिदअत का प्रतीक हैं और उन्हें वीरान किए जाने की जरूरत है। गौरतलब है कि मदीने की इन सात मस्जिदों का इतिहास ख़ंदक़ नामक जंग से मिलता है। यह मस्जिदें , मस्जिदे नबवी के पश्चिम में सलअ पर्वत की तलहटी में स्थित हैं।
सारी दुनिया के मुसलमान इन मस्जिदों को काफी महत्व की निगाह से देखते हैं और उनमें नमाज़ पढ़ते हैं। हज और उमरे हेतु यात्रा करने वाले लोग मदीने पहुंचकर पहले इन मस्जिदों में ही जाते हैं।
गौरतलब है कि सऊदी अरब में कई ऐतिहासिक और इस्लामी स्थान अल सऊद के दरबार से जुड़े तथाकथित मुफ़्तियों के फतवों के कारण ध्वस्त कर दिए गए हैं। वहाबी, चरमपंथी और सल्फ़ी समूह मुसलमानों को काफ़िर बताने के अलावा मकबरों, ज़ियारतगाहों और अहलेबैत (अ) की मस्जिदों को ढहाने का नज़रिया रखते हैं और यह उनके महत्वपूर्ण सिद्धांतों में शामिल है कि जिन पर इन समूहों ने अमल भी किया है ।