रूसी राष्ट्रपति ने कहा कि ईरान के संबंध में मैं राजनीतिक मामलों की बात नहीं करना चाहता किन्तु इस देश को मदद की ज़रूरत है और कोई भी प्रतिबंध खत्म नहीं किया जा रहा है यहां तक कि इस बारे में वार्ता भी नहीं हो रही है।
उन्होंने कहा कि मैं दूसरे देशों के बारे में कुछ नहीं कहूंगा जैसे वेनेज़ोएला की अपनी एक नीति है किन्तु मानवता प्रेमी सहायता अपनी जगह बाकी है और वह होनी चाहिये। उन्होंने पश्चिम के क्रिया- कलापों पर टिप्पणी करते हुए कहा कि पश्चिमी देशों से अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मानवता प्रेमी सहायताओं का दावा और बातें बहुत सुनी जाती हैं परंतु यह मानवता प्रेमी सहायतायें कहां हैं।?
रूसी राष्ट्रपति ने कहा कि समस्त क्षेत्रों विशेषकर कोरोना की दवा और टीके के वितरण के संबंध में सीमिततायें समाप्त नहीं की जा रही हैं।
उल्लेखनीय है कि पश्चिम विशेषकर अमेरिका यह दावा करता है कि उसे ईरान की जनता से कोई समस्या नहीं है तो सवाल यह पैदा होता है जब ईरान सहित पूरी दुनिया के बहुत से देशों को कोरोना महामारी के अभिशाप का सामना है तो अमेरिका कोरोना से निपटने के संबंध में दवाओं के मार्ग में बाधा क्यों बना हुआ है? जानकार हल्कों का मानना है कि अमेरिका का यह कृत्य उसके मानवता प्रेमी दावे की वास्तविकता की पोल खोल के लिए काफी है।