योरोपीय संघ ने गुरुवार को एक बयान में यमनी सेना की सऊदी अरब की राजधानी पर कई मीज़ाईल फ़ायर करने की कार्यवाही की निंदा की, हालांकि यह संघ यमन की पीड़ित जनता पर सऊदी गठबंधन के हमलों पर ख़ामोश रहता है।
यमनी सेना और स्वंयसेवी बल अंसारुल्लाह ने हमलावर सऊदी गठबंधन के अपराध के जवाब में मंगलवार तड़के सऊदी अरब की राजधानी सहित इस देश के कई इलाक़ों पर मीज़ाईल और ड्रोन से कार्यवाही की थी।
यमनी सेना इससे पहले कह चुकी है कि जब तक यमन पर हमले और इस देश की नाकाबंदी जारी रहेगी, उस वक़्त तक हमलावरों के आर्थिक प्रतिष्ठानों व ठिकानों पर यमनी फ़ोर्स कार्यवाही करती रहेगी।
सऊदी अरब की ओर से यमन की हर तरह की नाकाबंदी के बावजूद, इस देश की सेना और स्वंयसेवी बल हर रोज़ ताक़तवर होते जा रहे हैं।
सऊदी अरब अमरीका, यूएई और कई देशों से समर्थन से यमन पर 26 मार्च 2015 से हमले कर रहा है। सऊदी हमलों में 16000 से ज़्यादा बेगुनाह यमनी मारे गए, दसियों हज़ार घायल हुए और दसियों लाख बेघर हुए।