विदेशमंत्री ईसीओएसओसी की बैठक में भाग लेने के बाद, गुट निरपेक्ष आंदोलन के विदेशमंत्रियों के सम्मेलन में भाग लेने के लिए वेनेज़ोएला जाएंगे। इसके अलावा उनका, निकारागोआ और बोल्विया जाने का भी कार्यक्रम है। विदेमशंत्री जवाद ज़रीफ की यह यात्रा कई पहलुओं से महत्वपूर्ण कही जा रही है। सब से पहले तो इस यात्रा का महत्व यह है किे इस तरह से ईरान, ईसीओएसओसी की बैठक में अपनी उपस्थिति दर्ज करा रहा है।
इसके अलावा गुट निरपेक्ष आंदोलन के सम्मेलन में भाग लेना भी ईरान के लिए महत्वपूर्ण है क्योंकि गुट निरपेक्ष का ईरान की विदेश नीति में काफी महत्व है। निश्चित रूप से एेसे हालात में कि जब अमरीका की मनमानी की वजह से विश्व समुदाय के सामने आर्थिक व सामाजिक विकास के मार्ग में कई चुनौतियां खड़ी हो गयी हैं, ईसीओएसओसी का सम्मेलन इस संदर्भ में चर्चा का एक उचित मंच हो सकता है। इस समय ईसीओएसओसी के 54 सदस्य हैं।
आर्थिक संस्थाओं के इतिहास पर किताब लिखने वाले डाक्टर तहमास्ब दौलतशाही ईसीओएसओसी के बारे में कहते हैं कि इस परिषद के दायित्व व्यापक और बहुमुखी हैं। यह परिषद अंतरराष्ट्रीय स्तर पर आर्थिक, सामाजिक, मानवीय और सांस्कृतिक मुद्दों पर नज़र रखती है किंतु इस परिषद की सब से अधिक महत्वपूर्ण ज़िम्मेदारी, आर्थिक व सामाजिक क्षेत्र में संयुक्त राष्ट्र संघ की विशेष संस्थाओं के मध्य समन्वय पैदा करना है।
इस परिषद की पांच क्षेत्रीय सहायक संस्थाएं हैं इस लिए पश्चिमी एशिया के आर्थिक आयोग और एशिया व प्रशांत महासागर के आर्थिक व समाजिक आयोग में ईरान की भूमिका महत्वपूर्ण है। संयुक्त राष्ट्र संघ की आर्थिक सामाजिक परिषद के प्रमुख एंगा रुन्डा किंग न्यूयार्क में अधिवेशन के आरंभ में कहा कि पूरी दुनिया के राष्ट्रों के पास अब एक दूसरे से सीखने का अवसर है। उन्होंने कहा कि हम एक दूसरे से सीखते हैं और अनुभव के साथ वापस लौटते हैं। इस्लामी गणतंत्र ईरान सन 2019 के आंरभ से तीन वर्षों के लिए ईसीओएसओसी का सदस्य बना है इस लिए न्यूयार्क में इस परिषद का सम्मलेन ईरान के लिए अपने विचार प्रकट करने का एक अच्छा व उचित अवसर व मंच है।