3 जनवरी 2019 - 16:29
संकट फैलाने वाले, शरणार्थी संकट से चिंतित

मानवाधिकार संस्थाओं की आलोचनाओं के बावजूद यूरोपीय देशों ने शरणार्थियों पर अपना दबाव बढ़ाते हुए उनके विरुद्ध और अधिक कठिन कार्यवाही की मांग कर दी है।

ब्रिटेन और जर्मनी के गृहमंत्रियों ने शरणार्थियों के विरुद्ध और अधिक कठिन कार्यवाही करने की मांग की है। ब्रिटिश गृहमंत्री साजिद जावेद ने कहा कि जो शरणार्थी मानीश कैनाल से गुज़र रहे हैं वह सही अर्थों में शरणार्थी नहीं हैं और ब्रिटिश सरकार उनके विरुद्ध कार्यवाही करेगी।

उन्होंने शरणार्थियों के विरुद्ध कठोर कार्यवाही करने के संबंध में ब्रिटिश सरकार के फ़ैसले का हवाला देते हुए कहा कि लंदन दो समुद्री जहाज़ों को जो विदेशी सीमाओं में अपने मिशन पर थे, वापस बुला रहा है और उन्हें शरणार्थियों को ब्रिटिश सीमा में प्रविष्ट होने से रोकने के मिशन पर भेज रहा है।

ब्रिटिश गृहमंत्री का कहना था कि 2018 में उन शरणार्थियों की संख्या जो मानिश कैनाल से पार करके ब्रिटेन में प्रविष्ट हुए हैं, 2017 के मुक़ाबले में अधिक है।

उनका कहना था कि उन्होंने इस संबंध में अपने फ़्रांसीसी समकक्ष क्रिस्टोफ़ कास्टनर से बात की और शरणार्थियों का रास्ता बंद करने के मार्गों पर विचार विमर्श किया है।