14 दिसंबर 2018 - 15:14
क्षेत्र में दुशमनों की साज़िशों को नाकाम बना देना यह साबित करता है कि इस्लामी क्रान्ति की ताज़गी बाक़ी है

तेहरान की केन्द्रीय नमाज़े जुमा के इमाम हुज्जतुल इस्लाम क़ाज़िम सिद्दीक़ी ने इस्लामी क्रान्ति सफल होने के समय से ही ईरान के ख़िलाफ़ दुशमन की साज़िशें शुरू होने का हवाला देते हुए कहा कि दुशमन अपने लक्ष्य पूरे नहीं कर पाएंगे।

तेहरान की केन्द्रीय नमाज़े जुमा के इमाम हुज्जतुल इस्लाम क़ाज़िम सिद्दीक़ी ने नमाज़े जुमा के ख़ुतबों में कहा कि इस्लामी क्रान्ति को चालीस साल हो गए हैं और देश लगातार उत्थान का मार्ग तय कर रहा है। उन्होंने कहा कि दुशमनों की साज़िशों का मुक़ाबला करने के लिए क्षेत्र के देशों को संगठित करना, सीरिया, इराक़ और लेबनान में दुशमन की साज़िशो को नाकाम बनाने के लिए फ़ौलादी मोर्चे का निर्माण यह साबित करता है कि इस्लामी क्रान्ति की ताज़गी बाक़ी है।

तेहरान की केन्द्रीय नमाज़े जुमा के इमाम ने ईरान के ख़िलाफ़ अमरीका के अत्याचार पूर्ण प्रतिबंधों का हवाला देते हुए कहा कि ईरान की जनता इस्लामी क्रान्ति के वरिष्ठ नेता के निर्देशों का पालन करते हुए प्रतिबंधों को इस दौर को भी गुज़ार लेगी और दुशमनों पर एक बार फिर साबित कर देगी कि वह इस्लामी लोकतांत्रिक व्यवस्था के साथ खड़ी है।

हुज्जतुल इस्लाम काज़िम सिद्दीक़ी ने फ़्रांस में जनता के प्रदर्शनों का हवाला देते हुए कहा कि फ़्रांस जो ईरान के ख़िलाफ़ अमरीका की साज़िशों में शामिल रहता था आज बेबस होकर रह गया है।