23 नवंबर 2018 - 14:29
शिया-सुन्नी अपने संयुक्त बिन्दुओं को मद्देनज़र रखते हुए इस्लाम के दुश्मनों के मुक़ाबले में डट जाएंः आयतुल्लाह सय्यद अहमद ख़ातेमी

तेहरान के जुमे के इमाम ने मुसलमानों से बड़ी शक्तियों की साज़िशों के ख़िलाफ़ डटने और आपसी फूट से बचने की अपील की है।

आयतुल्लाह सय्यद अहमद ख़ातेमी ने शुक्रवार को जुमे की नमाज़ के विशेष भाषण में मुसलमानों के बीच एकता को ज़रूरी बताते हुए बल दिया कि शिया-सुन्नी संप्रदाय को चाहिए कि अपने संयुक्त बिन्दुओं को मद्देनज़र रखते हुए इस्लाम के दुश्मनों के मुक़ाबले में डट जाएं और अपनी एकता से अमरीका के मुंह पर ज़ोरदार तमाचा लगाएं।

उन्होंने इसी तरह स्वयंसेवी संस्कृति को धर्म व मूल्यों की रक्षा में तय्यार करने वाली संस्कृति बताते हुए बल दिया कि यह संस्कृति इराक़ में सफल रही और इसी से मूसिल को दाइशियों के चंगुल से मुक्ति मिली और लेबनान तथा सीरिया में भी स्वयंसेवी संस्कृति सफल रही है।

आयतुल्लाह सय्यद अहमद ख़ातमी ने यमन में सऊदी अरब और उसके समर्थकों के अपराधों की ओर इशारा करते हुए कहा कि अंतर्राष्ट्रीय समुदाय यमन के मामले में सिर झुकाए हुए और आले सऊद तथा उसके समर्थकों की सिर्फ़ भर्त्सना कर रहा है जबकि उसे चाहिए कि अमरीका पर दबाव बढ़ाए जो सऊदी अरब का मुख्य समर्थक है ताकि इस तरह सऊदी अरब का अपराध रुके।

तेहरान के अस्थायी जुमे के इमाम ने इसी तरह अतिग्रहित भूमि के हालात की ओर इशारा करते हुए उम्मीद जतायी कि ग़ज़्ज़ा पर हमले और फ़िलिस्तीनी प्रतिरोध की ओर से मीज़ाईल फ़ायर होने के बाद ज़ायोनी मंत्रीमंडल में आया भूंचाल जारी रहेगा और जल्द ही ज़ायोनी शासन का विनाश देखने में आएगा।