अहलेबैत समाचार एजेंसी अबना की रिपोर्ट के अनुसार ऑले ख़लीफा सरकार ने बहरैनी राष्ट्र को नुमाइशी चुनाव में शिरकत पर मजबूर करने के लिए ज़ोर ज़बरदस्ती व डराने धमकाने की नीतियां अपनाने का ऐलान किया है। अल अहेद लेबनान के अनुसार आले ख़लीफा के अधिकारी ने कहा है कि उनकी हुकूमत उन लोगों पर जो चुनाव में शिरकत नहीं करेंगे राष्ट्रीय सुरक्षा और देश की स्थिरता को खतरे में डालने के जुर्म में मुक़दमा चलायेगी। आले ख़लीफा के इस अधिकारी का नाम नहीं बताया गया है, उन्होंने यह भी कहा है कि जो लोग चुनाव में भाग लेंगे उनके पासपोर्टों पर मुहर लगाई जाएगी और जिस पासपोर्ट पर मुहर नहीं होगी वह देश से बाहर जाने के बाद स्वदेश वापस नहीं आ सकेंगे और व्यापारियों की पूंजी भी जब्त कर ली जाएगी। इस बहरैनी अधिकारी ने कहा कि सरकार शहरियों को दी जाने वाली मुफ्त सुविधाएं भी केवल उन्हीं लोगों को देगी जो चुनाव में भाग लेंगे। आले ख़लीफा ने कहा वह सुन्नी गुट जो शिया बहुमत का समर्थन करते हैं उन्हें राजनीतिक और भौतिक समर्थन से वंचित कर दिया जाएगा, बहरैन में 22 नवम्बर को चुनाव होने वाले हैं।
14 नवंबर 2014 - 19:39
समाचार कोड: 651384
ऑले ख़लीफा सरकार ने बहरैनी राष्ट्र को नुमाइशी चुनाव में शिरकत पर मजबूर करने के लिए ज़ोर ज़बरदस्ती व डराने धमकाने की नीतियां अपनाने का ऐलान किया है।