अहलेबैत समाचार एजेंसी की रिपोर्ट के अनुसार आतंकवादी तकफ़ीरी समूह दाइश के सरग़ना ने इस्लामी इरफ़ान के मशहूर सुन्नी आलिम मुहियुद्दीन इब्ने अरबी की फ़लसफ़े और सूफीवाद के सभी किताबों को जमा करके और उन किताबों को आग लगा देने का आदेश जारी कर दिया है। एक अरब न्यूज वेबसाइट की रिपोर्ट के अनुसार आतंकवादी तकफ़ीरी गिरोह के तथाकथित ख़लीफा अबू बकर बग़दादी ने इससे पहले अपने कब्ज़े वाले क्षेत्रों के स्कूलों में फ़लसफ़े की किताबें पढ़ाने पर पाबंदी और सूफ़ीवाद की गतिविधियों पर प्रतिबंध लगाने का आदेश दिया था। इब्ने अरबी इस्लामी इरफान के एक बुजुर्ग आलिमे दीन और शेखुल कबीर के नाम से प्रसिद्ध हैं। ग़ौरतलब है कि आतंकवादी तकफ़ीरी समूह दाइश ने इराक़ और सीरिया के कुछ क्षेत्रों पर क़ब्जे के बाद, न केवल अपने कट्टरपंथी तकफ़ीरी विचारों को आम करने की कोशिश की है बल्कि धार्मिक और मज़हबी पवित्र स्थानों ख़ासकर नबियों व वलियों अ.ह की क़ब्रों को भी गिराने का सिलसिला शुरू कर रखा है और मस्जिदों को तबाह कर रहा है।
3 सितंबर 2014 - 13:52
समाचार कोड: 635389
दाइश के सरग़ना ने इस्लामी इरफ़ान के मशहूर सुन्नी आलिम मुहियुद्दीन इब्ने अरबी की फ़लसफ़े और सूफीवाद के सभी किताबों को जमा करके और उन किताबों को आग लगा देने का आदेश जारी कर दिया है।