हज़रत अली अलैहिस्सलाम फ़रमाते हैंः ग़रीबी, चालाक को भी अपनी बात कहने से गूंगा कर देती है और ग़रीब अपने देश में ही परदेसी होता है,
24 जून 2014 - 18:49
समाचार कोड: 618777
हज़रत अली अलैहिस्सलाम फ़रमाते हैंः ग़रीबी, चालाक को भी अपनी बात कहने से गूंगा कर देती है और ग़रीब अपने देश में ही परदेसी होता है,