मेह्र न्यूज़ एजेंसी नें अल मयादीन के हवाले से ख़बर दी है कि फ़िलिस्तीन के संगटन हमास के राजनीतिक विभाग के प्रमुख ख़ालिद मशअल नें इस्राईल का मुक़ाबला करने पर ज़ोर देते हुए कहा कि बैतुल क़ुद्स की आज़ादी प्रतिरोध के बिना सम्भव नहीं है। उन्होंने कहा कि इस्राईली फ़ौज मस्जिदे अक़सा को स्थान व समय के अनुसार बाँटने की कोशिश कर रही है और इस्राईली फ़ौज का यह क़दम मस्जिदे अक़सा को वीरान करने की चाल है। ख़ालिद मशअल नें कहा कि एक तरफ़ फ़िलिस्तीनियों के बीच मतभेद और दूसरी तरफ़ अरब देशों के आन्तरिक मतभेदों की वजह से इस्राईल को अपनी विस्तार की नीतियों को बढ़ावा देने और अपराध का नया अवसर मिल गया है। ख़ालिद मशअल नें कहा कि इस्लामी प्रतिरोध की वजह से इस्राईल अभी तक मस्जिदे अक़सा को वीरान नहीं कर सका है। ख़ालिद मशअल नें कहा कि कुछ अरब देश सीधे इस्राईल के साथ सम्बंध बनाए हुए हैं और जो मामले फ़िलिस्तीन के हल में सबसे बड़ी रुकावट बने हुए हैं। स्पष्ट रहे कि सीरिया में हथियारबंद आतंकवादियों का समर्थन करने वाले अरब देशों के इस्राईल के साथ सम्बंध हैं जिनमें क़तर और सऊदी अरब भी शामिल हैं।
10 अक्टूबर 2013 - 20:30
समाचार कोड: 471418
फ़िलिस्तीन के संगटन हमास के राजनीतिक विभाग के प्रमुख ख़ालिद मशअल नें इस्राईल का मुक़ाबला करने पर ज़ोर देते हुए कहा कि बैतुल क़ुद्स की आज़ादी प्रतिरोध के बिना सम्भव नहीं है