27 जुलाई 2013 - 19:30
बान की मून ने मिस्र में होने वाली हिंसा की निंदा की

संयुक्त राष्ट्रसंघ के महासचिव बान की मून ने मिस्र में होने वाली हिंसा की भर्त्सना करते हुए इस देशों के लोगों से संयम से काम लेने की मांग की है। बान की मून के प्रवक्ता ने एक विज्ञप्ति जारी करके कहा है कि संयुक्त राष्ट्र संघ के महासचिव मिस्र में हिंसा में वृद्धि की भर्त्सना करते हैं

संयुक्त राष्ट्रसंघ के महासचिव बान की मून ने मिस्र में होने वाली हिंसा की भर्त्सना करते हुए इस देशों के लोगों से संयम से काम लेने की मांग की है। बान की मून के प्रवक्ता ने एक विज्ञप्ति जारी करके कहा है कि संयुक्त राष्ट्र संघ के महासचिव मिस्र में हिंसा में वृद्धि की भर्त्सना करते हैं। इस विज्ञप्ति में आया है कि बान की मून ने उन परिवारों से सहानुभूति जताई है जिनके परिजन मारे गये हैं और घायलों के शीघ्र बेहतर होने की कामना की है। इस विज्ञप्ति में बल देकर कहा गया है कि हिंसा राजनीतिक समाधान का विकल्प नहीं है अतः महासचिव मिस्र के समस्त नेताओं से मांग करते हैं कि मिस्री राष्ट्र के हितों को अपने व्यक्तिगत और पार्टी हितों पर वरियता दें। बान की मून ने इसी प्रकार मिस्र के अपदस्थ राष्ट्रपति मोहम्मद मुरसी और इख़ानुल मुसलेमीन के गिरफ्तार समस्त नेताओं की स्वतंत्रता की मांग की है। मोहम्मद मुर्सी के समर्थकों के शांतिपूर्ण प्रदर्शन राबेआ, अन्नहज़ह और मिस्र के दूसरे नगरों में अब भी जारी हैं। मिस्र के स्वास्थ्य मंत्रालय ने घोषणा की है कि पिछले २४ घंटे के दौरान क़ाहेरा और मिस्र के दूसरे नगरों में ८० लोग मारे गये हैं जबकि मिस्र के स्वतंत्र सूत्रों का कहना है कि मरने वालों की संख्या १२० से अधिक है।