3 अप्रैल 2012 - 19:30

इस्लामी क्रान्ति के वरिष्ठ नेता आयतुल्लाहिल उज़्मा सैयद अली ख़ामेनई ने देश के अधिकारियों से मुलाक़ात में कहा कि इस्लामी लोकतांत्रिक व्यवस्था के शत्रुओं तथा साम्राज्यवादी मोर्चे की विफलता का एक मूल कारण देश के भीतर पायी जाने वाली एकता व एकजुटता रही है।

इस्लामी क्रान्ति के वरिष्ठ नेता आयतुल्लाहिल उज़्मा सैयद अली ख़ामेनई ने देश के अधिकारियों से मुलाक़ात में कहा कि इस्लामी लोकतांत्रिक व्यवस्था के शत्रुओं तथा साम्राज्यवादी मोर्चे की विफलता का एक मूल कारण देश के भीतर पायी जाने वाली एकता व एकजुटता रही है।इस्लामी क्रान्ति के वरिष्ठ नेता ने मंगलवार को तीनों पालिकों के अधिकारियों से भेंट में घरेलू उत्पाद के व्यवहारिक समर्थन पर बल दिया और इस संदर्भ में सरकार की मूल भूमिका का हवाला देते हुए कहा कि संसद और सरकार को चाहिए कि घरेलू उत्पाद को बढ़ावा देने हेतु आपसी सहयोग के लिए व्यहारिक क़दम उठाने की आवश्यकता है। इस्लामी क्रान्ति के वरिष्ठ नेता ने घरेलू उत्पाद के समर्थन तथा इस संदर्भ में अनुकूल वातावरण बनाने के लिए अधिकारियों को आपसी समन्वय, सहयोग और तालमेल का निमंत्रण दिया।इस्लामी क्रान्ति के वरिष्ठ नेता ने नए ईरानी वर्ष को घरेलू उत्पाद, ईरानी कार्य एवं पूंजी के समर्थन का वर्ष घोषित किए जाने का हवाला देते हुए कहा कि महान लक्ष्यों की ओर देश की प्रगति, उपलब्य संसाधन एवं परिस्थितियों तथा आर्थिक मामलों पर शत्रुओं के एकाग्रता को ध्यान में रख कर यही निष्कर्ष निकलता है कि वर्तमान परिस्थितियों में घरेलू उत्पाद का समर्थन एक महत्वपूर्ण आवश्यकता है। इस्लामी क्रान्ति के वरिष्ठ नेता ने इस्लामी गणतंत्र ईरान पर साम्राज्यवादी मोर्चे की ओर से जारी चौतरफ़ा दबाव का हवाला देते हुए कहा कि इस्लामी व्यवस्था के शत्रुओं की व्यापक तैयारियों के बावजूद देश के अधिकारी और युवा अपने संकल्प, आस्था, सतर्कता तथा शत्रुओं की चालों की पहचान के आधार पर तीव्र गति से आगे बढ़ते हए सभी संभावनाओं को मैदान में लाएंगे और साम्राज्यवादी मोर्चे को एक बार फिर विफल बनाएंगे। इस्लामी क्रान्ति के वरिष्ठ नेता ने तीस साल से अधिक समय से लगाए गए प्रतिबंधों की प्रभावहीनता और ईरान की शक्ति एवं विकास में दिन प्रतिदिन वृद्धि को साम्राज्यवादी मोर्चे के प्रयासों की विफलता का प्रमाण बताया। ,,,,,,,166