10 जून 2011 - 19:30

ईरान ने कहा है कि विश्व के डेढ़ अरब से अधिक मुसलमानों के मध्य एकता से विश्व में अपना भविष्य निर्धारित करने हेतु महाआंदोलन आरंभ हो सकता है।

ईरान ने कहा है कि विश्व के डेढ़ अरब से अधिक मुसलमानों के मध्य एकता से विश्व में अपना भविष्य निर्धारित करने हेतु महाआंदोलन आरंभ हो सकता है। संसद सभापति डाक्टर अली लारीजानी ने इंडोनेशिया में कहा कि ५० करोड़ की जनसंख्या के साथ युरोपीय देश समझ गये कि वे एकजुट होकर अपने लक्ष्यों को प्राप्त कर सकते हैं तो डेढ़ अरब से अधिक मुसलमान एकजुट होकर विश्व में महाआंदोलन क्यों नहीं आरंभ कर सकते। उन्होंने स्पष्ट किया कि मुसलमान हर दृष्टि से एक दूसरे से निकट हैं और उन्हें चाहिये कि वे अपने मध्य बंधुत्व की सुरक्षा करें ताकि शीया-सुन्नी मुसलमानों के मध्य फूट को रोका जा सके जो अमेरिका एवं ज़ायोनी शासन की हार्दिक इच्छा है। ईरान के संसद सभापति ने क्षेत्र में इस्लामी जागरुकता की ओर संकेत करते हुए कहा कि ईरान की इस्लामी व्यवस्था के संस्थापक स्वर्गीय हज़रत इमाम ख़ुमैनी ने लोगों को जागरुक बनाने के लिए बहुत कष्ट उठाये हैं।