4 दिसंबर 2020 - 16:48
इस्लामी जियालों की इस्राईल के दरवाज़े पर दस्तक, इस्राईली नेताओं की उड़ी नींद! खुल रहा है नया मोर्चा!

गोलान हाइट्स सीरिया का वह इलाक़ा है जिस पर इस्राईल ने सन 1967 में क़ब्जा कर लिया था लेकिन अब उसे आज़ाद कराने की गतिविधियां इस्राईल के लिए चिंताजनक बन चुकी हैं।

दक्षिणी सीरिया में जो गतिविधियां चल रही हैं उनसे इस्राईली नेताओं की नींद उड़ गयी है क्योंकि यह वही क्षेत्र है जो गोलान हाइट्स की सीमा पर स्थित है। गोलान हाइट्स सीरिया का इलाक़ा है जिसपर इस्राईल ने सन 1967 से क़ब्ज़ा कर रखा है। संयुक्त राष्ट्र संघ इस इलाक़े को अवैध अधिकृत समझता है लेकिन इस्राईल किसी भी हाल में इस इलाक़े पर अपना क़ब्ज़ा खत्म नहीं करना चाहता लेकिन अब सीरियाई  सेना, अपने घटकों के साथ मिल कर गोलान हाइट्स के पास नया मोर्चा खोल रही है ताकि इस इलाक़े को वापस लिया जा सके।

इस्राईल को हमेशा से ही गोलान हाइट्स की सीमा पर प्रतिरोध मोर्चे के जियालों और सीरियाई सैनिकों की तैनाती से चिंता रही है और उसका दावा है कि यह लोग, इस्राईल पर हमले की तैयारी कर रहे हैं।

लेबनान के अलअखबार समाचार पत्र ने दक्षिणी सीरिया में हिज़्बुल्लाह और प्रतिरोध मोर्चे के अन्य संगठनों के जियालों की उपस्थिति पर चर्चा करते हुए लिखा है कि इस्राईल के अध्ययन केन्द्रों का कहना है कि  दक्षिणी सीरिया में इस्राईल के हिज़्बुल्लाह का खतरा, अतीत की तुलना में कई गुना अधिक हो  गया है। इस्राईली संस्थाओं के अनुसार दक्षिणी सीरिया में हिज़्बुल्लाह के लगभग 58 ठिकाने हैं जिनमें से 28 ठिकाने हिज़्बुल्लाह के दक्षिणी कमान के तहत हैं जबकि बाकी गोलान के लिए।

इस्राईली संस्थाओं  के दावों के अनुसार " सीरिया के क़ुनैतरा और दरआ प्रान्तों में हिज़्बुल्लाह की छावनियां हैं जो वास्तव में उसकी गतिविधियों का केन्द्र भी हैं और यही चीज़, इस्राईल और पूरे इलाके के लिए एक चुनौती है।"

लेबनान के अलअखबार समाचार पत्र ने लिखा है कि इस्राईल, दक्षिणी सीरया के बारे में सूचनाओं पर ही संतोष नहीं कर रहा है बल्कि वह सीरिया के घटकों के साथ मिल कर एक मज़बूत मोर्चे के गठन को रोकने के लिए इस्राईली और गोलान हाइट्स की सीमा पर सैन्य कार्यवाही भी कर रहा है।

रिपोर्टों के अनुसार इस्राईलियों  ने दक्षिणी सीरिया में बहुत हवाई किये यहां तक कि वीडिया संदेश में सीरियाई अफसरों को इस्राईलियों ने धमकी तक दी। दक्षिणी सीरिया में सीरियाई सेना के एक कमांडर ने बताया है कि यह पहली बार है जब इस्राईली, सीधे रूप में सीरियाई सेना को धमकी दे रहे हैं।

 एक अन्य सूत्र ने भी बताया है कि दक्षिणी सीरिया में तैनात सीरियाई सेना के अफसरों का, सीरिया  के मित्रों से काफी अच्छा संबंध है और कई बरसों तक एक साथ मिल कर लड़ने की वजह से दोनों पक्षों में काफी निकट और घनिष्ट संबंध स्थापित हो गये हैं।

इस सूत्र के अनुसार, दक्षिणी सीरिया में तैनात सैन्य अफसरों को अपने साथ अपने " मित्रों " की उपस्थिति का महत्व मालूम है और इसी तरह वह इस्राईल के खतरे से भी अच्छी तरह अवगत हैं।

 दक्षिण में सीरियाई सेना के एक घटक संगठन के एक अधिकारी का कहना है कि प्रतिरोध  मोर्चे के जियाले, गंभीरता के साथ सीरियाई सैन्य अफसरों की सुरक्षा करते हैं  और इलाक़े में तैनात सीरियाई सैनिकों के साथ निकट सहयोग करते रहेंगे और यही वजह है कि प्रतिरोध मोर्चे के संगठनों और सीरियाई सेना के बीच मतभेद पैदा करने की सभी कोशिशें नाकाम हो चुकी हैं।

इस  सूत्र ने इसी प्रकार बताया है कि दक्षिणी अर्थात  गोलान हाइट्स के मोर्चे पर सीरियाई सेना के साथ संयुक्त अभियान अभी नहीं शुरु हुए हैं बल्कि  कई बरसों  से यही होता रहा है। यह मध्यावधि और दीर्घावधि अभियान हैं और सीरियाई सरकार और सेना का कानूनी अधिकार है इस लिए इन अभियानों का सिलसिला रोका नहीं जाएगा।

इस सूत्र के अनुसार दक्षिणी सीरिया में अर्थात गोलान हाइट्स के बिल्कुल पास जारी अभियानों में प्रतिरोध मोर्चे के जियाले, अभियानों की ज़रूरत के  हिसाब से मौजूद रहते हैं और सीरियाई सेना व प्रतिरोध के जियाले, इस्राईल के खिलाफ मोर्चा बना रहे हैं जहां  से वह अपने देश की रक्षा करेंगे और गैर कानूनी अधिकार वाली अपनी भूमि को आज़ाद कराएंगे।

गोलान हाइट्स के पास और दक्षिणी सीरिया में हिज़्बुल्लाह  और प्रतिरोध मोर्चे  के अन्य सदस्यों  की गतिविधियां, इस्राईल के लिए बेहद चिंताजनक है।