15 मई 2015 - 15:15
 तेहरान ने पुनः फिलिस्तीनी जनता के समर्थन पर बल दिया

ईरान ने एक बार फिर फिलिस्तीनी जनता के समर्थन पर बल दिया। इस्लामी गणतंत्र ईरान के विदेशमंत्रालय ने जायोनी शासन द्वारा फिलिस्तीन के अतिग्रहण की वर्षगांठ पर एक विज्ञप्ति जारी की है।

ईरान ने एक बार फिर फिलिस्तीनी जनता के समर्थन पर बल दिया। इस्लामी गणतंत्र ईरान के विदेशमंत्रालय ने जायोनी शासन द्वारा फिलिस्तीन के अतिग्रहण की वर्षगांठ पर एक विज्ञप्ति जारी की है।
इस विज्ञप्ति में एक बार फिर फिलिस्तीनी जनता की आकांक्षाओं, जायोनी शासन और उसके समर्थकों के मुकाबले में इस्लामी राष्ट्रों एवं सरकारों के होशियार रहने पर बल दिया गया है।
इसी प्रकार इस विज्ञप्ति में फिलिस्तीन को इस्लामी जगत की एक महत्वपूर्ण समस्या बताया गया है और कहा गया है कि जब से फिलिस्तीन की अवैध अधिकृत भूमियों में अवैध जायोनी शासन का गठन हुआ है तब से हम प्रतिदिन फिलिस्तीनी जनता के दुःखों व पीड़ाओं में वृद्धि के साक्षी हैं। ईरान के विदेशमंत्रालय की ओर से जारी होने वाली विज्ञप्ति में आया है कि जायोनी शासन ने गत ६७ वर्षों के दौरान फिलिस्तीन की निर्दोष जनता के विरुद्ध मानवीय अपराध किये हैं और वह क्षेत्र एवं विश्व की शांति व सुरक्षा के लिए वास्तविक ख़तरा रहा है और उसके परिणाम को इस समय भी क्षेत्रीय संकटों के परिप्रेक्ष्य में देखा जा सकता है। विदेशमंत्रालय की विज्ञप्ति में आया है कि फिलिस्तीनी जनता की समस्याओं के समाधान का मार्ग यह है कि लगभग ६० लाख शरणार्थी फिलिस्तीनियों को उनकी मातृभूमि में वापस बुलाया जाये और जायोनी शासन की जेलों में बंद हज़ारों फिलिस्तीनियों को स्वतंत्र किया जाये और उसके बाद एक जनमत संग्रह कराके फिलिस्तीनी जनता को अपने भविष्य निर्धारण का अधिकार दिया जाये।
ज्ञात रहे कि अतिग्रहणकारी जायोनी शासन ने 15 मई वर्ष 1948 को फिलिस्तीन की भूमियों पर अतिग्रहण कर लिया था और फिलिस्तीनी इस दिन नकबा दिवस के रूप में मनाते हैं और इस दिन विभिन्न कार्यक्रम आयोजित करके वे शरणार्थी फिलिस्तीनियों की स्वदेश वापसी पर बल देते हैं।