वर्तमान समय में लोग आक्सीजन के सिलेंडर, अस्पताल के बिस्तर और अपनी अन्य आवश्यकताओं के लिए ट्वीटर का प्रयोग कर रहे हैं। हालिया दिनों में भारत में कोरोना के संक्रमितों की संख्या तेज़ी से बढ़ती जा रही है।
पिछले 24 घंटों के दौरान भारत में कोरोना के 3 लाख 15 हज़ार नए मामले सामने आए हैं। रोगियों के लिए अस्पतालों में बेड नहीं हैं और आक्सीजन की भारी क़िल्लत हो गई है। लोग दूसरों की सहयता के लिए एसों के टेलिफोन नंबर भेज रहे हैं जिनसे आक्सीजन के सिलेंडर या दवाएं मिलने की उम्मीद है।
कुछ उपयोग कर्ताओं ने कोविड-19 के होम आईसोलेटेड मरीज़ों के लिए घर पर बने भोजन का प्रबंध कराने की पेशकश की है।
भारत में लोग ट्वीटर की तरह वाटसएप और फेसबुक भी बड़े पैमाने पर प्रयोग करते हैं लेकिन इस समय ट्वीटर से जो मदद मिल रही है वह कोई अन्य प्लेटफ़ार्म नहीं कर पा रहा है। ट्वीटर कोरोना संकट के दौरान सहायता के लिए मूल्यवान उपकरण के रूप में सामने आ रहा है विशेषकर इसलिए कि इसके रीट्वीट के फंकशन के कारण संदेश को तेज़ी से फैलाया जा सकता है।