फ़िशिंग बोट पर क्षमता से अधिक रोहिंग्या पलायनकर्ताओं को सवार किया गया है और तस्कर उनकी पिटाई कर रहे हैं। यह वीडिया एक मानव तस्कर ने मोबाइल फ़ोन से बनाई है जो बाद में बोट से फ़रार हो गया।
वीडियो में दिखाया गया है कि पहले बहस शुरू होती है जिसके बाद तस्कर बेल्ट और एक मोटी रस्सी से पिटाई शुरु कर देता है।
इस पूरे प्रकरण की समाचार एजेंसी एएफ़पी ने जांच की और उन पलायनकर्ताओं तक पहुंच गई जिन्हें वीडियो में पिटते दिखाया गया है। बांग्लादेश में एक शरणार्थी कैंप में 16 साल के मुहम्मद उसमान नाम के पलायनकर्ता ने बताया कि खाने के बारे में शिकायत की वजह से तस्कर ने पिटाई शुरू कर दी। उसने बताया कि हमारा पेट नहीं भरा था इसलिए हम थोड़ा और खाना मांग रहे थे तो स्मगलर ने पिटाई शुरू कर दी।
उसमान के पड़ोसी इनामुल हसन ने बताया कि तस्कर फ़िशिंग बोट में उन्हें मलेशिया लेकर जा रहे थे मगर यह बोट वापस बांग्लादेश लौटा दी गई। इनामुल हसन ने बताया कि जिस घटना की वीडियो बनाई गई उससे पहले भी तस्करों ने उनकी बुरी तरह पिटाई की थी जिसमें कुछ पलायन कर्ता मर गए थे। हसन और उसमान का कहना है कि हमारी नौका पर सवार 46 पलायनकर्ताओं की पिटाई, भूख और बीमारी के कारण मौत हो गई।
VIDEO: From the crowded camps of Bangladesh, Rohingya refugees take a dangerous and sometimes deadly trip by land and water as they try to reach Malaysia.
— AFP News Agency (@AFP) December 15, 2020
An @AFP investigation has pieced together the human trafficking network running the dangerous passage to a new life pic.twitter.com/yrJDzvPkKX
एएफ़पी का कहना है कि इस बात की स्वतंत्र रूप से जांच तो नहीं हो पाई लेकिन उसने अलग से कुछ पलायनकर्ताओं से बात की तो उन्होंने भी लगभग यही सब कुछ बताया। हसन और उसमान उस वीडियो में मौजूद हैं जिसमें तस्कर पिटाई कर रहा है।
हसन ने बताया कि जब पलायनकर्ताओं ने प्रतिरोध शुरू कर दिया तो बर्मी तस्कर नौका छोड़कर भाग गए।