11 सितंबर 2020 - 18:43
ख़ाशुक़्जी हत्या मामले में ट्रम्प का नया शिगूफ़ा, कहीं भारी न पड़ जाए उनकी यह शेख़ी, बॉब वुडवर्ड ने जल्द रिलीज़ होने वाली अपनी किताब में किया ख़ुलासा

अमरीकी राष्ट्रपति डोनल्ड ट्रम्प ने यह कह कर कि जमाल ख़ाशुक़्जी मामले में मोहम्मद बिन सलमान को उन्होंने बचाया, नया शिगूफ़ा छेड़ा है।

ट्रम्प ने लेखक बॉब वुडवर्ड से शेख़ी मारते हुए कहा कि उन्होंने 2018 में जमाल ख़ाशुक़्जी की हत्या के बाद मोहम्मद बिन सलमान को बचाया।

द बिज़नेस इंसाइडर में गुरूवार को छपी ताज़ा रिपोर्ट के मुताबिक़, बॉब वुडवर्ड ने अपनी आने वाली किताब में ट्रम्प की शेख़ी का ज़िक्र किया है। ट्रम्प के हवाले के जो शब्द कोट किए गए हैं उनका अनुवाद मीडिया की ज़बान को शोभा नहीं देता।

बिज़नेस इंसाइडर ने वुडवर्ड की किताब का हवाला दिया कि ट्रम्प ने कहाः “आई सेव्ड हिज़ ए--”

ट्रम्प ने कहाः “मैंने उन्हें कॉन्ग्रेस से बचाया। मैं पीछा छुड़वाने में सफल रहा।”

अमरीकी राष्ट्रपति ने वुडवर्ड से कहा कि उन्हें नहीं लगता एमबीएस (मोहम्मद बिन सलमान) ने ख़ाशुक़्जी की हत्या का हुक्म दिया होगा, हालांकि अमरीका सहित विदेशी इंटेलिजेंस सेवाओं का यही निष्कर्श है कि ख़ाशुक़्जी की हत्या बिन सलमान के आदेश से हुयी थी।

ख़ाशुक़्जी की हत्या के बाद, अमरीका में दोनो दलों के सांसदों की ओर से नाराज़गी जताए जाने पर, ट्रम्प ने कॉन्ग्रेस को नज़रअंदाज़ करते हुए सऊदी अरब और यूएई को 8 अरब डॉलर के हथियारों के सौदे को हरी झंडी दे दी। यह सौदा प्रिसिजन मीज़ाईल सहित हाई टेक्नॉलोजी वाले हथियारों का था।

ट्रम्प ने कॉन्ग्रेस के उन तीनों प्रस्तावों को वीटो कर दिया जिसमें इस सौदे पर उनकी मलामत की गयी थी। इसी तरह ट्रम्प ने यूएई और सऊदी अरब को यमन जंग में अमरीकी समर्थन को ख़त्म करने वाले वॉर पावर ऐक्ट रिज़ोलूशन को बाधित कर दिया था।

वुडवर्ड की किताब 15 सितंबर को बाज़ार में आने वाली है जिसका शीर्षक है ‘रेज’।

इस्तांबूल में सऊदी वाणिज्य दूतावास के एक कर्मचारी ने तुर्क अदालत को 3 जुलाई को बताया कि 2 अक्तूबर 2018 को उनसे ख़ाशुक़्जी के वाणिज्य दूतावास की इमारात में दाख़िल होने के एक घंटे से भी कम वक़्त में, तंदूर जलाने के लिए कहा गया था।

इस कर्मचारी का नाम ज़ेकी देमिर है जो सऊदी वाणिज्य दूतावास में टैक्निशियन के तौर पर काम करते थे। ज़ेकी देमिर ने ख़ाशुक़्जी हत्या मामले में तुर्की में 20 सऊदी अधिकारियों की ग़ैर हाज़िरी में चलाए गए मुक़दमे के पहले दिन सुबूत पेश किया।

देमिर ने अदालत से कहाः “वे 5 से 6 लोग थे... जिन्होंने हमसे तंदूर जलाने के लिए कहा। वहाँ के माहौल में एक तरह की खलबली मची हुयी थी।”

ग़ौरतलब है कि सऊदी अदालत ने सोमवाल को जमाल ख़ाशुक़्जी हत्या मामले में 5 लोगों को मौत की सज़ा को बदल दिया।