उन्होंने न्यायपालिका के अध्यक्ष सहित न्याय तंत्र के वरिष्ठ अधिकारियों को वीडियो कान्फ़्रेंस के ज़रिए संबोधित किया। उन्होंने भ्रष्टाचार के ख़िलाफ़ न्यायतंत्र के अभियान की सराहना करते हुए इसे बिना किसी लापरवाही के जारी रहने पर बल दिया।
इस्लामी क्रांति के वरिष्ठ नेता ने कहा कि भ्रष्टाचार के ख़िलाफ़ किसी को लिहाज़ किए बिना अभियान से लोगों में उम्मीद की किरण पैदा होती है क्योंकि वित्तीय व आर्थिक भ्रष्टाचार कोरोना वायरस की तरह बहुत ही ख़तरनाक व तेज़ी से फैलता है, दोनों में सिर्फ़ इतना फ़र्क है कि कोरोना वायरस हाथ धोने से जा सकता है जबकि करप्शन वायरस से निपटने का सिर्फ एक रास्ता है कि करप्ट इंसान का हाथ काट दिया जाए।
आयतुल्लाहिल उज़्मा सय्यद अली ख़ामेनई ने देश की अमरीका व ब्रिटेन की दुश्मनी और योरोपीय सरकारों की कार्यवाहियों सहित हर आयाम से रक्षा पर बल देते हुए कहा कि अगर हम अपनी ज़िम्मेदारी पर अमल करें तो ईश्वर की कृपा से वे अपने किसी भी लक्ष्य में कामयाब नहीं होंगे, बल्कि दबाव का नतीजा ख़ुद उन्हीं पर बैकफ़ायर होगा।