26 अप्रैल 2020 - 11:28
ट्रम्प का घर की सफ़ाई करने वाले लक्विड पीने का ख़तरनाक मशविरा, न्यूयॉर्क के 30 लोगों ने किया अमल, अस्पताल भागना पड़ा

अमरीकी राष्ट्रपति डोनल्ड ट्रम्प की कोरोना वायरस के बारे में विवादित टिप्पणी के बाद, न्यूयार्क में दसियों लोगों ने कोरोना वायरस से बचने के लिए घर की सफ़ाई में इस्तेमाल होना लिक्विड पी लिया।

न्यूयॉर्क के ज़हर नियंत्रण केन्द्र को जो शहर के हेल्थ विभाग के अधीन एजेंसी है, घर की सफ़ाई करने वाले लिक्विड निगलने के 30 केस संभालने पड़े। यह घटना गुरुवार 9 बजे से शुक्रवार 3 बजे के बीच की है। हालांकि इस केन्द्र पर जाने वाले किसी भी शख़्स को भर्ती करने की ज़रूरत नहीं पड़ी। इस केन्द्र के प्रवक्ता ने बताया कि 30 में से 9 केस लीसल के, 10 केस ब्लीच के और 11 केस घर की सफ़ाई में इस्तेमाल होने वाले दूसरे लिक्विड के थे।

ट्रम्प ने गुरुवार की रात को कोरोना वायरस पर वाइट हाउस में अपनी प्रेस ब्रीफ़िंग में कहा था कि डॉक्टर अपने मरीज़ों के फेफड़ों में ब्लीच जैसे संक्रमण को दूर करने वाली चीज़ों का इंजेक्शन लगाकर हो सकता है कोरोना वायरस को ठीक कर सकें।

ट्रम्प ने अपने हेल्थ एडवाइज़र्स की ओर रुख़ करके इस मामले को देखने का सुझाव देते हुए कहा थाः "क्योंकि ये फेफड़ों में जाता है और असर करता है, इसलिए इसे आज़माना अच्छा रहेगा। मुझे ठीक लग रहा है।"

शुक्रवार को दोपहर बाद जब डॉक्टरों ने ट्रम्प के बयान का कड़ाई से विरोध किया तो ट्रम्प ने दावा किया कि उनका यह ख़तरनाक मशविरा एक मज़ाक था।

बहरहाल ट्रम्प ने मज़ाक़ किया था या नहीं, उनकी बात पर अमल करके न्यूयार्क के 30 लोगों की हालत बिगड़ गयी।

दूसरी ओर ट्रम्प ने अमरीकी जनता को घर की सफ़ाई में इस्तेमाल होने वाली लिक्विड चीज़ों का इंजेक्शन लगाने का मशविरा देने पर हुए हंगाके बाद, अपनी दैनिक प्रेस कॉन्फ़्रेंस का प्रोग्राम रद्द कर दिया है।

ट्रम्प ने ट्वीट में कहाः जब मीडिया की तरफ़ से दुश्मनी भरे सवाल के सिवा कुछ पूछा न जाए तो वाइट हाउस में प्रेस कान्फ़्रेंस रखने का क्या फ़ायदा।

उन्होंने कहा कि मीडिया आंकड़ा नोट करता है जबकि लोगों को जाली ख़बरें मिलती हैं।