6 फ़रवरी 2020 - 19:21
इस लिए अमरीका की आंखों में कांटे की तरह चुभते थे शहीद क़ासिम सुलैमानी.. शेख क़ैस अलखज़अली ने खोला बड़ा राज़!

इराक़ में स्वंय सेवी बल से सबंधित संगठन " असाएब अहलुलहक़ " के महासचिव ने कहा है कि जनरल सुलैमानी ने जो दस्तावेज़ भेजे थे उससे साबित हो गया था कि इराक़ की एक पालिका के प्रमुख, अमरीका की जासूसी संस्था सीआईए के एजेन्ट बन गये हैं।

  शेख क़ैस अलखज़अली ने इराक़ी टीवी चैनल अलअहद से एक वार्ता में सीआईए से इराक़ के कई बड़े अधिकारियों के संपर्क का पर्दाफाश किया है।

     उन्होंने बताया कि जनरल क़ासिम सुलैमानी ने हमारे लिए कुछ दस्तावेज़ भेजे जिन से साबित हो गया कि इराक़ की एक पालिका के प्रमुख और एक महत्वपूर्ण सुरक्षा संस्था के चीफ अमरीका की खुफिया एजेन्सी सीआईए के एजेन्ट बन गये हैं।

 

     उन्होंने बताया कि इराक़ के बेहद महत्वपूर्ण विभाग के प्रमुख का अपना संगठन है और मीडिया हाउस है और उन्होंने ही इराक़ में प्रदर्शनकारियों पर स्नाइपरों द्वारा फायरिंग की योजना को लागू करने में सहयोग किया था।

उन्होंने कहा कि हमारे पास इस बात के सुबूत हैं कि वह इराक़ी अधिकारी, सीआईए के लिए काम करता है। उन्होंने बताया कि अमरीका, इराक़ के ताकतवर धर्मगुरु मुक़तदा सद्र की हत्या करके उस का आरोप " असाएब अहलुलहक़ " पर लगाने की साज़िश रच रहा था।

याद रहे ईरान की कुद्स फोर्स के कमांडर, जनरल क़ासिम सुलैमानी ने इराक़ से आतंकवादी संगठन दाइश के सफाये में सहयोग के अलावा भी इस देश को कई रजनीतिक व सुरक्षा संकटों से निकालने में सहयोग दिया है।

इराक़ और सीरिया में अमरीका की सभी साज़िशों को नाकाम बनाने में जनरल क़ासिम सुलैमानी ने बेहद महत्वपूर्ण भूमिका अदा की है।  क्षेत्र में जनरल क़ासिम सुलैमानी की भूमिका की वजह से ही वह अमरीका की हिट लिस्ट में थे।

अमरीका की आतंकवादी सेना ने गत 3 जनवरी को बगदाद हवाई अड्डे पर आईआरजीसी की कुद्स फोर्स के कमांडर लेफ्टिनेंट जनरल क़ासिम सुलैमानी और इराक़ी स्वंय सेवी बल के डिप्टी कमांडर अबू मेहदी अलमुहंदिस को उनके साथियों के साथ शहीद कर दिया था जिसके बाद ईरान के क्रांति संरक्षक बल आईआरजीसी ने 8 जनवरी को इस आतंकवादी हमले का जवाब देते हुए इराक़ में अमरीकी छावनी  एनुलअसद   और अरबील में एक अमरीकी ठिकाने पर मिसाइल बरसाए थे।