समाचार पत्र द-प्रिंट ने रविवार को एक रिपोर्ट में बताया है कि, भारतीय संसद में इस देश की सरकार द्वारा पेश किए गए वर्ष 2020/21 के बजट में भारत की वित्त मंत्री ने 1 करोड़ 40 लाख डॉलर ईरान के चाबहार बंदरगाह के विकास के लिए विशेष किए हैं। इस समाचार पत्र की मुताबिक़, चाबहार पोर्ट के विकास के लिए ऐसे समय में यह राशि बजट में शेष की गई है जब पिछले वर्ष भारत सरकार ने अमेरिका द्वारा ईरान पर लगाए गए एकपक्षीय प्रतिबंधों के कारण चाबहार योजना के लिए कोई बजट निर्धारित नहीं किया था।
इस बीच ऐसे समय में भारत ने चाबहार पोर्ट के बजट में वृद्धि की है जब हाल के दिनों में ईरान और अमेरिका के बीच तनाव अपने चरम पर है। चाबहार बंदरगाह के विकास के लिए भारत द्वारा बजट में की बढ़ाई गई राशि का एलान इस बात को भी दर्शाता है कि नई दिल्ली चाबहार योजना को लेकर गंभीर है और वह इस संबंध में अपनी सभी प्रतिबद्धताओं को पूरा करना चाहता है।
उल्लेखनीय है कि भारत का अपने पड़ोसी देशों, विशेषकर पाकिस्तान और चीन के साथ मतभेदों के कारण, दिल्ली सरकार यह चाहती है कि वह पश्चिमी एवं केंद्रीय एशियाई देशों तक अपनी पहुंच बनाने के लिए एक नया रास्ता बनाए और अफ़ग़ानिस्तान में अपने हितों को विस्तृत रूप देना चाहता है।