ब्रिगेडियर जनरल हुसैनी सलामी ने गुरुवार को ईरान के ख़िलाफ़ दुश्मनों की कार्यवाहियां जारी रहने की ओर इशारा करते हुए कहा कि हमने सीखा है कि हमेशा विजयी रहें, इन संघर्षकर्ता युवाओं की उपस्थिति में हम कभी भी पराजित नहीं हो सकते। इस्लामी क्रांति संरक्षक बल आईआरजीसी के कमांडर ने कहा कि दुश्मन ने आर्थिक और मानसिक युद्ध में ईरानी जनता के सम्मान, प्रतिष्ठा, प्रभुत्व और गौरव को निशाना बनाया था लेकिन इस युद्ध में भी उसे पराजय हुई है।
जनरल सलामी ने कहा कि कुछ युद्धों में ज़मीन को निशाना बनाया जाता है जबकि कुछ युद्धों में गौरव, पहचान और प्रतिष्ठा को लक्ष्य बनाया जाता है। उन्होंने कहा कि दुश्मन ने हालिया युद्ध में ईरान की प्रतिष्ठा और गौरव को निशाना बनाने की कोशिश की थी लेकिन संघर्षकर्ता सैनिकों और युवाओं की मौजूदगी के कारण उसे पराजय का मुंह देखना पड़ा।