सैयद अब्बास इराक़ची ने बुधवार को तेहरान में इंडोनेशिया की संसद के विदेश नीति, सुरक्षा व प्रतिरक्षा आयोग के प्रमुख अब्दुल ख़रीस अलमशहरी से मुलाक़ात में कहा कि समकालीन इतिहास में ईरान ने कोई भी युद्ध शुरू नहीं किया है और आगे भी वह किसी लड़ाई का आरंभ नहीं करेगा लेकिन अपनी रक्षा में वह तनिक भी नहीं हिचकिचाएगा और हर अतिक्रमणकारी को तुरंत करारा जवाब देगा। उन्होंने इंडोनेशिया के साथ ईरान के संबंधों में व्यापक विस्तार का स्वागत करते हुए ईरान की प्रतिरक्षा रणनीति का उल्लेख किया और कहा कि ईरान की प्रतिरक्षा क्षमताएं, प्रतिरोधक पहलू की हैं और किसी भी देश के ख़िलाफ़ नहीं हैं। इराक़ची ने ईरान के शांतिपूर्ण परमाणु कार्यक्रम और अमरीका के निराधार दावों के बारे में कहा कि इस्लामी क्रांति के वरिष्ठ नेता आयतुल्लाहिल उज़मा सैयद अली ख़ामेनेई के फ़त्वे के अनुसार इस्लामी गणतंत्र ईरान सामूहिक विनाश के हथियारों के हर प्रकार के इस्तेमाल को हराम समझता है लेकिन उसने अपने वैज्ञानिकों की योग्यताओं के सहारे परमाणु तकनीक को, एक शांतिपूर्ण स्वदेशी कार्यक्रम के रूप में विकसित किया है।
ईरान के उप विदेश मंत्री सैयद अब्बास इराक़ची ने ईरानी राष्ट्र के ख़िलाफ़ अमरीका के अत्याचारपूर्ण प्रतिबंधों की तरफ़ भी इशारा किया और कहा कि ये प्रतिबंध ग़ैर क़ानूनी व अमानवीय हैं लेकिन ईरान इसे राष्ट्रीय अर्थव्यवस्था में परिवर्तन के लिए एक अवसर में बदलने का संकल्प रखता है। इस मुलाक़ात में इंडोनेशिया की संसद के विदेश नीति, सुरक्षा व प्रतिरक्षा आयोग के प्रमुख अब्दुल ख़रीस अलमशहरी ने ईरानियों की स्वाधीनता व आत्मविश्वास की सराहना करते हुए दोनों देशों के बीच संसदीय सहयोग में विस्तार की आवश्यकता पर बल दिया। उन्होंने चरमपंथ व आतंकवाद से संघर्ष समेत सभी क्षेत्रों में ईरान के साथ सहयोग के लिए इंडोनेशिया की तत्परता की घोषणा की।