ओमान सागर में गुरुवार 13 जून को दो जहाज़ों पर हमला हुआ था, उसके बाद गुरुवार को ही अमरीकी सेना की केन्द्रीय कमान (सेंटकॉम) ने एक वीडियो जारी करके दावा किया था कि इस वीडियो में "ईरानी नाविकों" को जापानी जहाज़ कोकुरा करेजस से विस्फ़ोट नहीं होने वाली बारूदी सुरंगों को हटा रहे हैं।
हालांकि विश्व के अधिकांश देशों यहां तक कि यूरोपीय देशों ने ऑयल टैंकरों पर हुए संदिग्ध हमले से संबंधित अमरीकी दावों को ख़ारिज कर दिया है।
इन देशों ने व्हाइट हाउस के दावों को ख़ारिज करते हुए कहा है कि यह ईरान के ख़िलाफ़ अमरीका के युद्ध के लिए बहाना नहीं हो सकता।
जर्मन विदेश मंत्री हेइको मास ने शुक्रवार को कहा कि इन हमलों में ईरान का हाथ है, अमरीका के इस दावे को साबित करने के लिए यह वीडियो पर्याप्त नहीं है।
यूरोपीय संघ की विदेश मामलों की प्रभारी फ़ेडरिका मोगरिनी के एक वरिष्ठ सलाहकार ने भी ईरान के ख़िलाफ़ अमरीकी आरोपों को ख़ारिज करते हुए कहा है कि किसी पर आरोप लगाने से पहले हमारे पास विश्वसनीय सुबूत होने चाहिएं।
ओमान सागर में जापानी जहाज़ पर हमले का जो वीडियो अमरीका ने जारी किया है वह बहुत धुंधला है और उसमें कुछ भी स्पष्ट दिखाई नहीं दे रहा है।