एसोसिएटेड प्रेस के अनुसार नेतनयाहू के विरोधी उनके त्यागपत्र की मांग के साथ ही उनके विरुद्ध नारे लगा रहे थे। विरोधियों के हाथों में जो प्लेकार्ड थे उनपर नेतनयाहू मुर्दाबाद के नारे लिखे हुए थे। मत्रिमण्डल बनाने में विफल होने के बाद अब नेतनयाहू का विरोध बहुत तेज़ी बढ़ता जा रहा है। इससे पहले चुनाव जीतने के बाद नेतनयाहू को नया मंत्रीमण्डल बनाने का समय दिया गया था किंतु इसमें वे विफल रहे। नेतनयाहू के पारंपरिक घटक एवं इस्राईल के पूर्व युद्धमंत्री लिबरमेन ने इस बार नई सरकार के लिए गठबंधन बनाने में नेतनयाहू का साथ नहीं दिया।
नेतनयाहू द्वारा मंत्रीमण्डल के गठन में विफल हो जाने के बाद ज़ायोनी संसद, क्नेसेट को भंग कर दिया गया। अब अवैध ज़ायोनी शासन में फिर से चुनाव कराया जाएगा।