प्राप्त रिपोर्ट के अनुसार हर साल तीन करोड़ से अधिक तीर्थयात्री हज़रत इमाम हुसैन अलैहिस्सलाम और हज़रत अब्बास अलैहिस्सलाम की ज़ियारत के लिए जाते हैं और इस योजना से एक करोड़ और तीर्थयात्रियों की गुंजाइश पैदा की जाएगी।
इमाम हुसैन फ़ाउंडेशन के सीनियर बोर्ड मिम्बर का कहना था कि फ़ाउंडेशन ने तीर्थयात्रियों की संख्या में और अधिक वृद्धि के लिए विकास योजनाओं को शुरु कर दिया है।
उन्होंने कहा कि इस विकास योजना से तीर्थयात्रियों को और अधिक सुविधाएं मिलेंगी और प्रशासन की आय में भी वृद्धि होगी।
बोर्ड मिम्बर ने बताया कि यह विकास योजना 6 साल तक पूरी होगी जिसके पहले भाग को आगामी 3 साल में पूरा करके रौज़े में शामिल कर दिया जाएगा। उनका कहना था कि योजना पूरा होने के बाद एक करोड़ और लोग प्रतिवर्ष हज़रत इमाम हुसैन अलैहिस्सलाम की ज़ियारत कर सकेंगे।
इमाम हुसैन अलैहिस्सलाम फ़ाउंडेशन ने रौज़े के प्रागड़ में चिकित्सा सुविधाओं के लिए एक बड़ा अस्पताल भी बनाया है जहां दुनियाभरर से आने वाले मरीज़ों का मुफ़्त उपचार किया जाता है और कैंसर के रोगियों का भी उपचार किया जाता है।