रिपोर्टें बता रही हैं कि दोनों नेताओं ने निर्धारित समय से पहले ही बैठक हाल को छोड़ दिया।
वार्ता के बाद संयुक्त संवाददाता सम्मेलन में डोनल्ड ट्रम्प ने इशारों में यह कह दिया कि वार्ता नाकाम रही। उन्होंने कहा कि उत्तरी कोरिया एक साथ सभी प्रतिबंध पूरी तरह समाप्त करने की मांग कर रहा है और यह करना हमारे बस में नहीं है।
ट्रम्प ने यह भी कहा कि किम जोंग ऊन ने वादा किया है कि वह अब और परमाणु या मिसाइल परीक्षण नहीं करेंगे, उन्होंने यह भी कहा कि दोनों नेताओं के बीच अगला शिखर सम्मेलन आयोजित करने पर कोई सहमति नहीं हुई है।
दोनों नेताओं के बीच हनोई में उत्तरी कोरिया के परमाणु हथियारों को नष्ट करने और इसके बदले में उत्तरी कोरिया को आर्थिक सहायताएं दिए जाने तथा अमरीकी प्रतिबंधों को समाप्त किए जाने पर वार्ता हुई।
पत्रकारों के सवाल के जवाब में किम ने कहा कि यदि मैं परमाणु हथियारों को नष्ट करने के लिए तैयारन होता तो इस शिखर वार्ता में भाग लेने न आता।
उत्तरी कोरिया में अमरीका का कूटनैतिक कार्यालय खोले जाने के सवाल के जवाब में किम जोंग ऊन ने कहा कि मेरे विचार में इसका स्वागत किया जाना चाहिए। उन्होंने साथ ही कहा कि वह उत्तरी कोरिया के परमाणु मामले पर कोई समझौता करने का भरपूर प्रयास करेंगे।
पत्रकार सम्मेलन में डोनल्ड ट्रम्प ने कहा कि प्युंगयांग के परमाणु हथियारों के मुद्दे पर समझौते के लिए अमरीका कोई जल्दी नहीं है क्योंकि उनके लिए महत्वपूर्ण समझौता है समझौते की तेज़ रफ़तार नहीं। ट्रम्प ने कहा कि हम अच्छा समझौता चाहते हैं।
बुधवार को दोनों ही नेताओं ने वार्ता शुरू होने से पहले आशा जताई थी कि इस बातचीत में अच्छे परिणाम हासिल हो सकते हैं।
ट्रम्प ने भी कहा था कि उन्हें उम्मीद है कि इस बार की मुलाक़ात आठ महीने पहले सिंगापुर में होने वली मुलाक़ात जैसी या उससे भी अच्छी होगी।