अलआलम टीवी चैनल के अनुसार यमन के जनक्रांतिकारी आंदोलन अंसारुल्लाह के महासचिव जनरल अब्दुल मलिक अलहूसी ने पैग़म्बरे इस्लाम की सुपुत्री हज़रत फ़ातेमा ज़हरा सलामुल्लाह अलैहा के शुभ जन्म दिवस पर आयोजित एक कार्यक्रम में लोगों को संबोधित करते हुए कहा कि दुश्मन जो महिलाओं के अधिकारों की बातें करते नहीं थकते, अपनी नीतियों द्वारा महिलाओं को समस्याओं में ग्रस्त करते हैं और यमन के बच्चे और महिलाएं यूरोपीय हथियारों की भेंट चढ़ रही हैं।
श्री अंसारुल्लाह के महासचिव ने यमन पर सऊदी अतिक्रमण की ओर संकेत करते हुए कहा कि इस युद्ध से इस्लाम दुश्मनों का मुख्य लक्ष्य, यमनी जनता पर वर्चस्व जमाना है।
दूसरी ओर यमनी सेना ने सऊदी अरब के नजरान क्षेत्र में एक कार्यवाही के दौरान सऊदी सेना के एक कमान्डर को मार गिराया। यमनी सेना की रिपोर्ट के अनुसार यमनी सेना ने सऊदी अरब की तकनीकी योजनाकार कमान्डर सलमान अब्दुल अज़ीज़ असीरी की गाड़ी को निशाना बनकर उसे मार गिराया।
यमनी की सरकारी सेना ने पिछले दिनों सऊदी गठबंधन के हमलों का मुंहतोड़ जवाब देते हुए नजरान में गठबंधन सेना के केन्द्र पर बद्र-पी1 नामक मीज़ाइल फ़ायर किए।
यमनी सेना का कहना है कि मीज़ाइल हमले में दसियों सऊदी सैनिक मारे गये और घायल हुए। ज्ञात रहे कि सऊदी अरब ने अमरीका और इस्राईल के समर्थन से तथा घटक देशों के साथ मिलकर 26 मार्च 2015 से यमन पर पाश्विक हमलों का क्रम जारी कर रखा है।
इस दौरान सऊदी हमलों में दसियों हज़ार यमनी नागरिक शहीद और घायल हुए हैं जबकि दसियों लाख यमनी नागरिक अपने घर बार छोड़ने पर विवश हुए हैं।