19 जनवरी 2019 - 18:00
ईरान की भूमिका रचनात्मक हैः राष्ट्रसंघ

ईरान के संसदसभापित के विशेष सलाहकार हुसैन अमीर अब्दुल्लाहियान ने तेहरान में फिनलैंड के राजदूत से भेंट में कहा कि ईरान की नीति क्षेत्र की शांति व सुरक्षा में सहायता प्रदान करना है।

संयुक्त राष्ट्रसंघ के महासचिव एन्टोनियो गुटेरस ने मध्यपूर्व में ईरान की भूमिका को महत्वपूर्ण और रचनात्मक बताया है। उन्होंने  कहा कि इस समय मध्यपूर्व को विभिन्न संकटों का सामना है और इस्लामी गणतंत्र ईरान महत्वपूर्ण देश है और उसकी रचनात्मक भूमिका है। गुटेरस ने इस संबंध में सीरिया और यमन युद्ध की ओर संकेत किया।

राष्ट्रसंघ के महासचिव एसी स्थिति में क्षेत्र में ईरान की रचनात्मक भूमिका पर बल दे रहे हैं जब अमेरिका क्षेत्र में सदैव संकट पैदा करने और ईरान की रचनात्मक भूमिका को ग़ैर रचनात्मक दिखाने के प्रयास में रहता है।

साथ ही अमेरिका ईरान पर निराधार आरोप मढ़कर क्षेत्र के विभिन्न देशों को अपने साथ करना चाहता है। अमेरिका की ईरानोफोबिया नीति को इसी परिप्रेक्ष्य में देखा जा सकता है।

वास्तव में अमेरिकी अधिकारी क्षेत्र में संकट उत्पन्न करके और क्षेत्रीय देशों के संबंधों में तनाव उत्पन्न करके उनके मध्य सहकारिता को रोकना चाहते हैं ताकि वे क्षेत्रीय देशों के आंतरिक मामलों में हस्तक्षेप की अपनी नीति जारी रख सकें।

अमेरिका के कुप्रयासों के बावजूद ईरान क्षेत्रीय देशों के मध्य संकटों के समाधान में रचनात्मक भूमिका निभा रहा है । इराक एवं सीरिया संकटों के समाधान में ईरान की भूमिका को इसी परिप्रेक्ष्य में देखा जा सकता है।

वास्तव में क्षेत्र में जो ईरान की भूमिका है वह क्षेत्रीय देशों के साथ लेन- देन पर आधारित है जबकि मध्यपूर्व के देशों पर सदैव विदेशियों की लोभ की दृष्टि रही है इस प्रकार से कि विदेशियों ने अपने लक्ष्यों को साधने के लिए क्षेत्रीय देशों में मतभेद व संकट उत्पन्न कर दिया और एक दूसरे को आमने- सामने कर दिया।

ईरान के संसदसभापित के विशेष सलाहकार हुसैन अमीर अब्दुल्लाहियान ने तेहरान में फिनलैंड के राजदूत से भेंट में कहा कि ईरान की नीति क्षेत्र की शांति व सुरक्षा में सहायता प्रदान करना है।

लोमोन्ड एफ्रिक साइट ने 18 जनवरी को "ईरान क्षेत्र की महाशक्ति" शीर्षक के अंतर्गत अपने लेख में लिखा कि ईरान होशियारी और समझदारी से क्षेत्रीय शक्ति बन गया है इस प्रकार से कि वह मध्यपूर्व में निर्णय लेने वाला एक महत्वपूर्ण देश बन गया है।

बहरहाल ईरान की छवि व भूमिका को नकारात्मक दिखाने के लिए अमेरिका के निराधार दावों और प्रयासों के बावजूद राष्ट्रसंघ के महासचिव द्वारा ईरान की भूमिका की प्रशंसा किया जाना इस बात का सूचक है कि एन्टोनियो गुटेरस ने न केवल ईरान की भूमिका को मान्यता दी बल्कि उसकी भूमिका के रचनात्मक होने पर बल दिया और उसे उन्होंने क्षेत्र के हित में बताया है।

इस आधार पर प्रतीत यह हो रहा है कि अमेरिका की विध्वंसकारी नीति न केवल विफल हो गयी है बल्कि विश्व समुदाय भी अमेरिका की वर्चस्ववादी नीतियों से भली- भांतिअवगत हो गया है।