इस मुलाक़ात में ईरान के राजदूत मेहदी हुनरदूस्त और अफ़ग़ानिस्तान के राजदूत आतिफ़ मशअल ने क्षेत्रीय मामलों और परस्पर के रुचि के मामलों पर विचार विमर्श किया।
इस अवसर पर ईरान के राजदूत मेहदी हुनरदूस्त का कहना था कि क्षेत्र में शांति और सुरक्षा के लिए परस्पर सहयोग की बहुत आवश्यकता है।
महदी हुनरदूस्त का कहना था कि ईरान और अफ़ग़ानिस्तान, परस्पर संबंधों और सहयोग के विस्तार का क्रम जारी रखेंगे।
ज्ञात रहे कि इससे पहले ईरान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता बहराम क़ासिमी ने विदेश सचिव से तालेबान के प्रतिनिधिमंडल की तेहरान में बातचीत की ओर इशारा करते हुए कहा कि ईरान के राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अली शमख़ानी के पिछले हफ़्ते काबुल दौरे और अफ़ग़ानिस्तान के वरिष्ठ अधिकारियों से उनकी मुलाक़ात के बाद, रविवार को तालेबान का एक प्रतिनिधिमंडल तेहरान आया और उसने विदेश सचिव सय्यद अब्बास इराक़ची से बातचीत की।
बहराम क़ासेमी ने इस समय अफ़ग़ानिस्तान की आधी ज़मीन पर तालेबान के नियंत्रण होने की ओर इशारा करते हुए कहा कि अफ़ग़ानिस्तान में अशांति, अस्थिरता और मुश्किलों के मद्देनज़र तालेबान ने ईरान के साथ बातचीत में रूचि दिखायी और यह बातचीत अफ़ग़ान सरकार को सूचित करने के बाद हुयी है।
उन्होंने तालेबान के साथ बातचीत का लक्ष्य अफ़ग़ान गुटों और इस देश की सरकार के बीच बातचीत की प्रक्रिया को सहल करने और किसी तरह का उपाय निकालने में मदद करना बताया ताकि अफ़ग़ानिस्तान में शांति क़ायम हो सके