17 दिसंबर 2016 - 17:21
पश्चिमी देशों को सीरिया में अपनी पराजय स्वीकार कर लेनी चाहिए।

ब्रिटेन की सेना के पूर्व प्रमुख ने कहा है कि पश्चिम को सीरिया में अपनी पराजय स्वीकार कर लेना चाहिए।

ब्रिटेन की सेना के पूर्व प्रमुख ने कहा है कि पश्चिम को सीरिया में अपनी पराजय स्वीकार कर लेना चाहिए।
तस्नीम न्यूज़ एजेन्सी की रिपोर्ट के अनुसार, ब्रिटेन की सेना के पूर्व प्रमुख जनरल डेविड रिचर्डस ने बीबीसी से बात करते हुए कहा कि पश्चिमी देशों को सीरिया में अपनी पराजय स्वीकार कर लेना चाहिए। उनका कहना था कि खेद की बात यह है कि हम सीरिया युद्ध में पराजित हो गये किन्तु इसका अर्थ यह नहीं है कि हमने शांति का रास्ता खो दिया है, हमको स्पष्ट नीति अपनानी चाहिए, मेरा मानना है कि पश्चिमी देश के नेताओं और अधिकारियों को इस विषय पर ध्यान केन्द्रित करना चाहिए।
जनरल रिचर्ड्स ने कहा कि पश्चिमी देशों के पास स्पष्ट रणनीति नहीं है जबकि रूस के राष्ट्रपति विलादीमीर पुतीन और सीरिया के राष्ट्रपति बश्शार असद के पास स्पष्ट रणनीति है। यह दोनों राष्ट्रपति पश्चिमी अधिकारियों से अधिक होशियार और चतुर हैं। ब्रिटेन के पूर्व चीफ़ आफ़ आर्मी स्टाफ़ ने जिन्होंने 2012 और 2013 में सीरिया में सैन्य हस्तक्षेप की योजना पेश की थी, कहा कि पश्चिमी देशों को बश्शार असद को सत्ता से हटाने के लिए इस प्रकार की कार्यवाहियों पर अमल करना चाहिए था या सीरिया की व्यवस्था के मुक़ाबले में दूसरी व्यवस्था का भरपूर समर्थन करना चाहिए था।
उनका कहना था कि हमने सैन्य रणनीति पेश की थी जिस पर सबको विश्वास करना चाहिए था, हमने उसके क्रियान्वयन के लिए एक वर्ष तक बल दिया जबकि उन्होंने कहा कि हमारे पास इसका अवसर नहीं है, इसलिए यह योजना अधिक उपयोगी नहीं है।
ब्रिटेन के इस जनरल ने कहा कि मैंने कहा तो फिर ठीक है, अब हमको बश्शार असद के समर्थन के बारे में सोचना चाहिए, यह विषय सबसे अधिक बदतर होगा। जनरल रिचर्ड्स ने बल दिया कि सीरिया की वर्तमान स्थिति के दृष्टिगत समस्त युद्धरत पक्षों को शीघ्र ही युद्ध समाप्त कर देना चाहिए।