अबनाः विदेश मंत्री मोहम्मद जवाद ज़रीफ़ ने कहा है कि ईरान के ख़िलाफ़ सभी पाबंदियां ईरान और गुट पांच धन एक के बीच संभावित परमाणु समझौते के दिन ही ख़त्म होनी चाहिए।
ईरानी विदेश मंत्री ने शुक्रवार को यूरोन्यूज़ से इंटर्व्यू में कहा, “हम चरणबद्ध रूप से प्रतिबंध हटने के बारे में बातचीत नहीं कर रहे हैं। दुर्भाग्यवश अमरीका ने चरणबद्ध प्रतिबंध के शब्द का इस्तेमाल करना शुरु कर दिया है जबकि अगर आप संयुक्त बयान को पढ़ें तो आप देखेंगे कि उसमें न तो ‘चरण’ और न ही ‘निलंबन’ शब्द का इस्तेमाल हुआ है।”
ज्ञात रहे ईरान और गुट पांच धन एक के बीच स्वीज़रलैंड के लूसान शहर में आठ दिन की सघन बातचीत के बाद 2 अप्रैल को संयुक्त बयान जारी किया गया जिसमें इस बात का उल्लेख है कि ईरान का कोई भी परमाणु प्रतिष्ठान न तो बंद और न ही उसे आस्थगन किया जाएगा और ईरान के ख़िलाफ़ सभी प्रतिबंधों को उसी वक़्त ख़त्म कर दिया जाएगा जैसे ही तेहरान के परमाणु कार्यक्रम पर दस्तख़त होगी।
ईरानी विदेश मंत्री ने लूसान सहमति का उल्लेख करते हुए कहा, “स्पष्ट है कि सभी प्रतिबंध, सभी आर्थिक और वित्तीय पाबंदियां ख़त्म हो जाएंगी। जिस दिन हम सहमत होंगे। संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद एक प्रस्ताव लाएगा जो पिछले सभी प्रस्तावों को रद्द कर देगा और सभी प्रतिबंधों को ख़त्म करने का मार्ग समतल करेगा।”
ईरान के परमाणु कार्यक्रम के संबंध में ईरान और गुट पांच धन एक के बीच सहमति होने के 24 घंटे के भीतर अमरीका ने अपनी फ़ैक्टशीट जारी की जिसमें संयुक्त व्यापक ऐक्शन प्लान के मानदंड का उल्लेख है। अमरीकी फ़ैक्टशीट, असली संयुक्त बयान से भिन्न है।
हालांकि 7 अप्रैल को यूरोपीय संघ ने कहा है कि ईरान के साथ परमाणु बातचीत से संबंधित वही बयान मान्य है जो स्वीज़रलैंड में प्रकाशित हुआ था।
यूरोपीय संघ की विदेश नीति प्रभारी फ़ेडरिका मोगेरिनी की प्रवक्ता कैथ्रिन रे ने ब्रसल्ज़ में मीडिया ब्रिफ़िंग में कहा, “ दो अप्रैल के दिन यूरोपीय संघ की उच्च प्रतिनिधि फ़ेडरिका मोगेरिनी और ईरानी विदेश मंत्री जवाद ज़रीफ़ की ओर से जो बयान जारी किया गया है वही बयान मान्य है।”
18 अप्रैल 2015 - 12:43
समाचार कोड: 684646
विदेश मंत्री मोहम्मद जवाद ज़रीफ़ ने कहा है कि ईरान के ख़िलाफ़ सभी पाबंदियां ईरान और गुट पांच धन एक के बीच संभावित परमाणु समझौते के दिन ही ख़त्म होनी चाहिए।