अबनाः यमन में अंसारुल्लाह या हौसी कहे जाने वाले जनान्दोलन की क्रान्ति कमेटी के प्रमुख मोहम्मद अली बुख़ैती ने कहा कि यमन को कई दशकों से दुष्ट अतिक्रमण का सामना है अतः देश के सभी पक्षों को चाहिए कि अपने दायित्व का आभास करें। उन्होंने कहा कि सऊदी अरब ने पड़ोसी के अधिकारों की बुरी तरह उपेक्षा की है।
मुहम्मद बुख़ैती ने बुधवार को क्रान्ति कमेटी की बैठक में कहा कि सऊदी अरब के हमले का लक्ष्य यमन की जनता को झुकाना है तथा सऊदी अरब मंसूर हादी को को सत्ता में वापस में लाने के नाम पर यमन के बच्चों, महिलाओं और बूढ़ों का जनसंहार कर रहा है और मूल संरचनाओं तथा आवासीय क्षेत्रों को ध्वस्त कर रहा है।
मुहम्मद बुख़ैती ने सऊदी सरकार के बयानों की कड़ी निंदा करते हुए कहा कि सऊदी अधिकारी कहते हैं कि वह यमन की शांति और स्थिरता को प्रबल बनाने के लिए हमले कर रहे हैं और यमन की जनता की सहायता करना चाहते हैं लेकिन यह किसी एक संगठन को नहीं बल्कि पूरी यमनी जनता को अपने हमलों का निशाना बना रहे हैं।
मुहम्मद बुख़ैती ने कहा कि हम यमनी नागरिक सभी अरब राष्ट्रों का सम्मान करते हैं, हमारा किसी ही देश की जनता से कोई झगड़ा नहीं है किंतु खेद की बात है कि सऊदी अरब सरकार ने पड़ोस का हक़ अदा नहीं किया बल्कि सऊदी सरकार के साथ ही कुछ और अरब सरकारें अरब जगत में अनेक स्थानों पर हिंसा और टकराव को हवा दे रही हैं।
16 अप्रैल 2015 - 19:24
समाचार कोड: 684272
यमन में अंसारुल्लाह या हौसी कहे जाने वाले जनान्दोलन की क्रान्ति कमेटी के प्रमुख मोहम्मद अली बुख़ैती ने कहा कि यमन को कई दशकों से दुष्ट अतिक्रमण का सामना है अतः देश के सभी पक्षों को चाहिए कि अपने दायित्व का आभास करें।