21 मार्च 2015 - 09:30
नौरोज़ की ख़ुशी में हज़रत फ़ातिमा की शहादत का ख़्याल रखा जाये।

तेहरान के इमामे जुमा ने कहा है कि नया ईरानी साल दुश्मन की नाबूदी और बदनामी का साल होगा। तेहरान की केन्द्रीय नमाज़े जुमा आयतुल्लाह मोवह्हेदी किरमानी की इमामत में अदा की गई।

अबनाः तेहरान के इमामे जुमा ने कहा है कि नया ईरानी साल दुश्मन की नाबूदी और बदनामी का साल होगा। तेहरान की केन्द्रीय नमाज़े जुमा आयतुल्लाह मोवह्हेदी किरमानी की इमामत में अदा की गई। आयतुल्लाह मोवह्हेदी किरमानी ने कहा कि हम सब अहलेबैत अलैहिमुस्सलाम के चाहने वाले हैं और नये ईरानी साल की शुरुआत रसूले इस्लाम स.अ की बेटी हज़रत फ़ातिमा ज़हरा सलामुल्लाह अलैहा की शहादत के दिनों में हो रही है, इसलिए हमें शहज़ादी की शहादत के दिनों का ख्याल रखना चाहिये।

उन्होंने कहा कि हमें पिछले एक साल में अपने कामों पर एक नज़र दौड़ानी चाहिए और यह देखना चाहिए कि हमने कहां कहां कमी की है। तेहरान के इमामे जुमा ने दुआ की कि नया ईरानी साल मुसलमानों के लिए बरकत, सम्मान व सरबुलंदी का साल होगा और दुश्मनों के लिए नाबूदी और बदनामी का संदेश लेकर आएगा। आयतुल्लाह मोवह्हेदी किरमानी ने कहा कि कुरान में भी बहार की बात की गई है और उसे ख़ुदा की निशानियों में से बताया गया है।

और यह कहा गया है कि मुर्दा जमीन किस तरह से फिर से ज़िंदा हो जाती है और कैसे उस पर पौधे उग आते हैं। उन्होंने कहा कि क़यामत के दिन लोग क़ब्र से निकलेंगे इसलिए