रिपोर्ट के अनुसार मस्जिदुल अक्सा के डायरेक्टर शेख नजाह ने कहा है कि अतिगृहित अलक़ुद्स और मस्जिदुल अक्सा की रक्षा का एकमात्र रास्ता प्रतिरोध है। उन्होंने कहा कि हमें प्रतिरोध की संस्कृति को पुनर्जीवित और पवित्र स्थानों की रक्षा जारी रखनी होगी क्योंकि दुश्मन के विरूद्ध जंग में अगर हम मजबूत नहीं होंगे तो दुश्मन हम पर हावी हो सकता है। शेख नजाह ने कहा वार्ता के रास्ते से हमें अब तक बहुत ज्यादा नुकसान उठाना पड़ा है और सिर्फ़ प्रतिरोध से ही दुश्मन को यह एहसास कराया जा सकता है कि उनका सामना एक ज़िंदा क़ौम से है। उन्होंने कहा कि मस्जिदुल अक़सा के ख़िलाफ़ जायोनी शासन की कार्यवाहियां अत्यंत गंभीर है और अगर हम इन उपायों को रोकने में नाकाम हुए तो मस्जिदुल अक़सा से हम हाथ धो बैठेंगे।
6 दिसंबर 2014 - 20:14
समाचार कोड: 656434
रिपोर्ट के अनुसार मस्जिदुल अक्सा के डायरेक्टर शेख नजाह ने कहा है कि अतिगृहित अलक़ुद्स और मस्जिदुल अक्सा की रक्षा का एकमात्र रास्ता प्रतिरोध है।