अलआलम टीवी चैनल की रिपोर्ट के अनुसार आईएसआईएल ने सोशल वेबसाइट के माध्यम से दावा किया है कि उसने इराक़ के एक विश्वविद्यालय से चालीस किलो यूरेनियम चुरा कर डर्टी बम बनाने में सफलता प्राप्त कर ली है। इस गुट के एक आतंकी ने कहा है कि संभावित रूप से इस बम को ब्रिटेन की राजधानी लंदन को तबाह करने के लिए प्रयोग किया जाएगा।
ब्रिटेन का एक विस्फोटक विशेषज्ञ हुमायूं तारिक़ उन आतंकियों में शामिल है जो इंटरनैट के माध्यम से पश्चिमी देशों को धमकियां देते रहते हैं। वह वर्ष 2012 में ब्रिटेन से सीरिया पहुंचा था। तारिक़ ने ट्वीटर पर लिखा है कि आईएसआईएल ने मूसिल विश्व विद्यालय से रेडियो एक्टिव पदार्थ प्राप्त कर लिया था और अब उसके पास डर्टी बम मौजूद है। उसने दावा किया है कि हम शीघ्र ही यह बताएंगे कि डर्टी बम क्या होता है, क्या कर सकता है और यदि उसे सार्वजनिक स्थल पर विस्फोटित किया जाए तो क्या हो सकता है? तारिक़ ने कहा है कि यदि डर्टी बम को लंदन में विस्फोटित कर दिया जाए तो यह बहुत ही विध्वंसक होगा।ज्ञात रहे कि डर्टी बम एक प्रकार का विस्फोटक हथियार है जिसे ग़ैर परमाणु विस्फोट और पर्यावरण को दूषित करने के लिए प्रयोग किया जाता है। यद्यपि डर्टी बम में परमाणु विस्फोट नहीं होता किंतु इसके विस्फोट से वातावरण में रेडियो एक्टिव पदार्थ फैल जाने के कारण इसे परमाणु हथियारों में ही गिना जाता है।
1 दिसंबर 2014 - 18:29
समाचार कोड: 655349
अलआलम टीवी चैनल की रिपोर्ट के अनुसार आईएसआईएल ने सोशल वेबसाइट के माध्यम से दावा किया है कि उसने इराक़ के एक विश्वविद्यालय से चालीस किलो यूरेनियम चुरा कर डर्टी बम बनाने में सफलता प्राप्त कर ली है। इस गुट के एक आतंकी ने कहा है कि संभावित रूप से इस बम को ब्रिटेन की राजधानी लंदन को तबाह करने के लिए प्रयोग किया जाएगा।