20 नवंबर 2014 - 08:31
 आईएसआईएल योरोप से मात्र 300 किलोमीटर दूर

सशस्त्र आतंकवादी आजकल लीबिया के देरना नगर की सड़को पर आईएसआईएल के झंडे लहराते हुए दिखाई दे रहे हैं।

सशस्त्र आतंकवादी आजकल लीबिया के देरना नगर की सड़को पर आईएसआईएल के झंडे लहराते हुए दिखाई दे रहे हैं।
लगभग एक लाख की जनसंख्या वाले इस नगर में आईएसआईएल के आतंकवादी अपनी मनमानी कर रहे हैं।  अलआलम टीवी चैनेल की रिपोर्ट के अनुसार इराक़ और सीरिया से आईएसआईएल के लगभग 300 आतंकवादी लीबिया के देरना वापस आए हैं।  एक हिसाब से यह नगर पूर्ण रूप से आईएसआईएल के नियंत्रण में है और वे जो कुछ चाहते हैं वहां पर कर रहे हैं।
इब्ने उस्मान नामक एक चरमपंथी ने बताया है कि आईएसआईएल के आतंकवादी, लीबिया में भी उसी प्रकार की कार्यवाहियां कर रहे हैं जैसी उन्होंने इराक़ और सीरिया में की हैं।
इब्ने उस्मान पहले एक चरमपंथी दल के सदस्य थे किंतु वर्तमान समय में वे अतिवादी कार्यवाहियों के प्रबल विरोधी हो चुके हैं।  यह बात इब्ने उस्मान ने सीएनएन के साथ वार्ता में कही है।  इब्ने उस्मान ने बताया कि अपनी विशेष अदालतों में मुक़द्दमें चलाकर आईएसआईएल के तत्व, सार्वजनिक स्थलों पर अपने विरोधियों के गले काट रहे हैं।
वे कहते हैं कि इसका उद्देश्य लोगों के अधिक से अधिक भय व्याप्त करना है।
लीबिया के इस छोटे से नगर से प्राप्त चित्रों में दिखाया गया है कि सैकड़ो लोग अबूबक्र अलबग़दादी की बैअत कर रहे हैं।
अलबग़दादी ने भी अपने एक वीडियो संदेश में बैअत करने वालों का स्वागत किया है।
लीबिया के कुछ क्षेत्रों में आईएसआईएल और लीबिया के सैनिकों के बीच झड़पें भी हुई हैं।  आईएसआईएल ने उनके चित्रों को लोगों के बीच बांटा है जिन्होंने लीबिया की सेना के विरुद्ध आत्मघाती कार्यवाहियां की हैं।
कुछ ही दिन पहले अबूबक्र अलबग़दादी के एक विश्वसनीय ने लीबिया में आईएसआईएल के आतंकवादियों का नेतृत्व संभाला है।  यह व्यक्ति भी अलबग़दादी की ही भांति इराक़ में बोका कैंप में अमरीकी सैनिकों के बंदीगृह में रह चुका है।
इस आतंकवादी का नाम “अबूनबील अलअंबारी” है जिसका संबन्ध इराक़ के अलअंबार प्रांत से है।
हाल ही में एक अमरीकी नागरिक का गला काटने वाली वीडियो में कहा गया है कि आईएसआईएल ने लीबिया सहित विश्व के 5 देशों में अपने आतंकवादी इकट्टा कर रखे हैं।  आईएसआईएल के आतंकवादियों ने इन दिनों मेडिट्रनियन सागर के तट पर स्थित देरना नगर में अपना  ठिकाना बनाया है जो योरोप से मात्र 300 किलोमीटर की दूरी पर स्थित है।