फ़िलिस्तीनी प्रशासन के प्रमुख के प्रवक्ता ने मस्जिदुल अक़सा के अनादर की ओर से सचेत किया है।
महमूद अब्बास के प्रवक्ता नबील अबू रुदैना ने सोमवार को चरमपंथी ज़ायोनियों द्वारा फ़िलिस्तीनी मुसलमानों के पवित्र स्थलों पर आक्रमण और उनके अनादर के बारे में चेतावनी देते हुए कहा कि इससे फ़िलिस्तीनियों की भावनाएं आहत हो रही हैं। उन्होंने कहा कि फ़िलिस्तीनी अपने पवित्र धार्मिक स्थलों के सम्मान की रक्षा पर बल देते हैं और प्रकार की कार्यवाहियों उनकी भावनाओं को उत्तेजित कर रही हैं।
इस बीच ज़ायोनी शासन ने पूर्वी बैतुल मुक़द्दस में ज़ायोनियों के लिए अन्य 500 घर बनाने की स्वीकृति दे दी है। ये घर रामेत श्लोमो नामक क्षेत्र में बनाए जाएंगे जिस पर वर्ष 1967 के युद्ध में इस्राईल ने क़ब्ज़ा कर लिया था। ज़ायोनी प्रधान मंत्री नेतनयाहू ने एक सप्ताह पहले भी रामेत श्लोमो में 600 और अन्य स्थानों पर ज़ायोनियों के लिए 400 घर बनाने की योजना को स्वीकृति दी थी। अंतर्राष्ट्रीय संस्थाओं ने इस निर्णय पर कड़ी प्रतिक्रिया जताते हुए फ़िलिस्तीनी क्षेत्रों में ज़ायोनी बस्तियों के निर्माण को अवैध बताया है।
4 नवंबर 2014 - 18:27
समाचार कोड: 649197
फ़िलिस्तीनी प्रशासन के प्रमुख के प्रवक्ता ने मस्जिदुल अक़सा के अनादर की ओर से सचेत किया है।