16 अक्टूबर 2014 - 18:24
इस्राईल ने प्रतिरोध के मुकाबले में अपनी अक्षमता स्वीकारी

इस्राईल के युद्धमंत्री ने प्रतिरोध की शक्ति के मुकाबले में जायोनी शासन की अक्षमता को स्वीकारा।

इस्राईल के युद्धमंत्री ने प्रतिरोध की शक्ति के मुकाबले में जायोनी शासन की अक्षमता को स्वीकारा।
प्राप्त समाचारों के अनुसार जायोनी शासन के युद्धमंत्री मूशे यालून ने एक साक्षात्कार में फिलिस्तीनी प्रतिरोध के मुकाबले में इस्राईल की अक्षमता को स्वीकारा और कहा कि अगर इस्राईल ग़ज्ज़ा पट्टी पर थल आक्रमण करता और उस पर नियंत्रण कर लेता तो उसे इसकी भारी क़ीमत चुकानी पड़ती और आज तक गज्जा पट्टी से उसे अपने सैनिकों के शवों को वापस लेना पड़ता।
जायोनी शासन के युद्धमंत्री ने स्वीकार किया कि फिलिस्तीन के प्रतिरोधक गुटों को ५० दिवसीय युद्ध के दौरान इस्राईली सैनिकों की समस्त गतिविधियों की जानकारी थी। साथ ही यालून ने दावा किया कि हालिया ५० दिवसीय युद्ध में इस्राईल ने अपने दृष्टिगत लक्ष्यों को प्राप्त कर लिया है।
ज्ञात रहे कि यालून का यह दावा एसी स्थिति में आ रहा है जब प्रधानमंत्री बिन यामिन नेतेनयाहू को इस्राईल के भीतर और अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर भारी आलोचनाओं का सामना करना पड़ा है।