12 अगस्त 2014 - 18:48
आयतुल्लाह शेख़ नम्र की रिहाई की मांग।

सऊदी अरब में वरिष्ठ धर्मगुरू शैख़ बाक़िर अन्निम्र जो दो साल से सऊदी सुरक्षाबलों की क़ैद में हैं मंगलवार को अदालत में पेश किए जाने वाले हैं जहां अभियोजन पक्ष उनको सुनाई गई सज़ा पर अमल किए जाने की मांग करेगा हालांकि जिन आरोपों के तहत उन्हें सज़ा सुनाई गई है उनके बारे में क़ानूनी संस्थाओं का कहना है कि निराधारा आरोप हैं।

अबनाः सऊदी अरब में वरिष्ठ धर्मगुरू शैख़ बाक़िर अन्निम्र जो दो साल से सऊदी सुरक्षाबलों की क़ैद में हैं मंगलवार को अदालत में पेश किए जाने वाले हैं जहां अभियोजन पक्ष उनको सुनाई गई सज़ा पर अमल किए जाने की मांग करेगा हालांकि जिन आरोपों के तहत उन्हें सज़ा सुनाई गई है उनके बारे में क़ानूनी संस्थाओं का कहना है कि निराधारा आरोप हैं।
अनेक मुस्लिम समुदायों के धर्मगुरुओं ने बयान जारी करके सऊदी नरेश से मांग की है कि शैख़ बाक़िर अन्निम्र की सज़ा निरस्त की जाए जबकि अनेक संगठनों और संस्थाओं की ओर से सऊदी सरकार को चेतावनी देते हुए शैख़ बाक़िर अन्निम्र की तत्काल रिहाई की मांग की गई है।
सोमवार को सऊदी अरब के पूर्वी अलअवामिया शहर में लोगों ने शैख़ बाक़िर अन्निम्र से एकजुटता दर्शाने के लिए प्रदर्शन किया। अवामिया के अलकरामह स्क्वायर पर एकत्रित होने वाले प्रदर्शनकारियों ने अपने हाथों में शैख़ बाक़िर अन्निम्र की तस्वीरें तथा उनके समर्थन में नारों वाले प्लाकार्ड उठा रखे थे। प्रदर्शन में महिलाओं और बच्चों ने भी भाग लिया भारी संख्या में सुरक्षा बलों को तैनात किया गया था।
इस्लामी रिपब्लिक ईरान के वरिष्ठ धर्मगुरू आयतुल्लाह शैख़ जाफ़र सुबहानी ने शैख़ बाक़िर अन्निम्र को सुनाई गई सज़ा और उन्हें फांसी देने की अभियोजन पक्ष की मांग पर गहरा दुख जताया। उन्होंने कहा कि सऊदी अरब के शासकों को इस परिकल्पना में नहीं रहना चाहिए कि शैख़ बाक़िर अन्निम्र को फांसी दे देने से विरोध की आवाज़ दब जाएगी। उन्होंने कहा कि शैख़ बाक़िर अन्निम्र के ख़ून की हर बूंद सऊदी शासन के आधारों को हिला देने की शक्ति रखती है। उन्होंने सऊदी अरब के धर्मगुरुओं से अपील की कि वे सऊदी सरकार का विरोध जारी रखें।
दूसरी ओर बहरैन के विपक्षी दल अलवेफ़ाक़ ने भी सऊदी अरब से मांग की है कि वह शैख़ बाक़िर अन्निम्र को तत्काल रिहा करे। पार्टी ने कहा कि अगर एसा न किया गया तो जटिलता और बढ़ जाएगी और शांति व स्थिरता ख़तरे में पड़ जाएगी। पार्टी ने कहा कि इस मामले को बातचीत से हल किया जाना चाहिए।
पार्टी ने कहा है कि शैख़ बाक़िर अन्निम्र उन लोगों में से एक हैं जो अपने राजनैतिक, धार्मिक तथा सामाजिक अधिकारों की मांग कर रहे हैं अतः उन्हें गिरफ़तार करने और सज़ा देने के बजाए उनकी मांग पर विचार किया जाना चाहिए।